डिप्टी सीएम सम्राट और मंत्री नितिन नवीन के कार्यक्रम का मेयरों ने किया बहिष्कार, नीतीश के कानून के खिलाफ भारी बवाल
PATNA: बिहार सरकार द्वारा लाए गए नगर पालिका एक्ट का लगातार विरोध हो रहा है। इसी कड़ी में आज नगर विकास एवं आवास विभाग द्वारा पटना के एक निजी होटल में वेस्ट मैनेजमेंट पर एक वर्कशॉप का आयोजन किया गया। इस प्रोग्राम में उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और विभाग के मंत्री नितिन नवीन मौजूद थे। कार्यक्रम के बीच से ही बिहार के विभिन्न नगर निकाय के मौजूद मेयर और नगर पार्षद उठकर निकल गए। मेयर सीता साहू सहित सभी मेयर और नगर पार्षद ने मंत्री के प्रोग्राम का बहिष्कार किया।
सभी मेयरों का कहना है कि नए अधिनियम से उनके अधिकारों में कमी आ जाएगी। वो सरकार से मांग कर रही है कि इस अधिनियम को रद्द कर दी जाए। वहीं नगर विकास एवं आवास विभाग के कार्यक्रम का बहिष्कार कर सभी महापौर कार्यक्रम से बाहर निकल गए। यहां मौजूद सभी मेयर और नगर पार्षद का एक ही राय है कि यह विधायक अफसरशाही को बढ़ावा देगा। जब तक सरकार इस विधेयक को वापस नहीं ले लेती है तब तक विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा।
कार्यक्रम में पहुंचे मंत्री नितिन नवीन ने कहा कि यहां मौजूद सभी मेयर को बतौर निमंत्रण देकर आमंत्रित किया गया था। जो उनकी मन की बातें हैं, वह बातें हमने सुनी भी है और यह आश्वासन भी दिया है कि उस पर विचार किया जाएगा। अगर इसके बावजूद भी लोग इस पर राजनीति करना चाहते हैं तो यह उनका विचार है।
वहीं उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि, नगर निकाय के किसी भी तरह की शक्ति को छीना नहीं जा रहा है, जिसके पास जो शक्ति दी गई, वो उसका पूरी तरह से इस्तेमाल कर सकता है। दरअसल, बिहार सरकार द्वारा मानसून सत्र के दौरान विधानमंडल के दोनों सदन से नगर पालिका संशोधन विधेयक 2024 पारित कर दिया गया। इस संशोधन विधेयक में नगर पालिका की शक्ति को सरकार ने समाप्त कर दी है। इस विधेयक को लाकर नगर पालिका के अधिकारों को समाप्त करने के नगर विकास एवं आवास विभाग के निर्णय के विरोध में प्रदर्शन करने की बात कही गई है।