राजद में सियासी संकट पर बोले रामकृपाल- मेरे साथ भी हुआ था ऐसा, 'जगदा बाबू' का भी नहीं हो रहा सम्मान, तो छोड़ देनी चाहिए पार्टी

राजद में सियासी संकट पर बोले रामकृपाल- मेरे साथ भी हुआ था ऐसा, 'जगदा बाबू' का भी नहीं हो रहा सम्मान, तो छोड़ देनी चाहिए पार्टी

पटना. राजद में अंतर्कलह और राजद प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह और लालू के बड़े बेटे तेजप्रताप यादव के बीच हो रहे बयानबाजी को लेकर भाजपा सांसद रामकृपाल यादव ने कहा कि राजद में जगदानंद सिंह जैसे बड़े नेताओं का सम्मान नहीं हो रहा है. वह कब तक ऐसे राजद में रहेंगे पता नहीं. साथ ही उन्होंने कहा कि जगदानंद सिंह को राजद में नहीं रहना चाहिए. किसी भी स्वभिमानी व्यक्ति को राजद में नहीं रहना चहिए, क्योंकि वहां उनका सम्मान नहीं होता है. साथ ही उन्होंने राजद की पार्टी को एक परिवार की पार्टी भी कह दिया है.

भाजपा सांसद रामकृपाल यादव ने कहा कि मैं जगदा बाबू के साथ काम कर चुका हूं. वह पार्टी के समर्थन में अपने बेटे के खिलाफ हो गये थे. साथ ही उन्होंने कहा जब मैं भी पार्टी में था, तब भी बड़े लीडर का सम्मान नहीं हो रहा था. अब जगदा बाबू को लालू के परिवार वाले परेशान कर रहे हैं. साथ ही दो मुस्लिम नेता द्वारा तालिबान का समर्थन किये जाने पर उन्होंने कहा कि तालिबना का किसी भी तरह समर्थन नहीं किया जना चाहिये.

बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का जायजा

पूर्व केन्द्रीय राज्यमंत्री और भाजपा सांसद राम कृपाल यादव ने दानापुर दियारा के गंगहारा, हेतनपुर बरकी टोला, हेतनपुर छोटकी टोला, काशिम चक, पनापुर, मानस के बाढ़ प्रभावित इलाकों का जायजा लिया. इस दौरान रामकृपाल यादव ने कहा कि राज्य सरकार ने बाढ़ पीड़ितों के लिए 13 हजार राहत सामग्री का पैकेट, 83 नाव की व्यवस्था की थी, जिसमे 12 नाव को 20 लीटर डीजल और 71 नाव को 5 लीटर डीजल प्रतिदिन की व्यवस्था की, लेकिन ग्राउंड ज़ीरो पर जाने पर पता चला कि सरकार द्वारा दी गयी सामग्री को स्थानीय पंचायत जनप्रतिनिधियों द्वारा अपने समर्थकों के बीच बांट दी गयी.

पंचायत चुनाव की राजनीति की भेंट चढ़ी राहत सामग्री

लोगों ने बताया कि कुछ वार्डों में राहत सामग्री बांटी गई और कई वार्डों में बांटी ही नहीं गयी. अगर ये कहा जाय कि बाढ़ राहत की सामग्री आगामी पंचायत चुनाव की राजनीति में बंदरबाट हो गया, तो अतिशयोक्ति नहीं होगी. लोंगो ने बताया कि नाव की व्यवस्था हुई, लेकिन नाव का परिचालन सीमित मात्रा में हुआ. पूरे दियारावासियों से यही शिकायत मिली. लोगों ने बताया कि बाढ़ पीड़ितों के लिए प्रति परिवार को दी जाने वाली 6 हजार की राशि के लिए सूची तैयार की गई है. इसमें शिकायत नहीं मिली.

क्षतिग्रस्त मकानों के सर्वे को लेकर निर्देश

साथ ही सांसद रामकृपाल ने साथ चल रहे अंचलाधिकारी मुकुल झा को निदेश दिया कि जितने मकानों की क्षति हुई है, उसका का सर्वे कराया जाय. सभी को आपदा राहत के तहत मकान दिया जाएगा. बिजली विभाग के कार्यपालक अभियंता को कहा कि जहां पानी निकल गया है, वहां बिजली बहाल की जाय. पानापुर में काफी कटाव हो रहा है, उनकी भी योजना बनाने के लिए जलसंसाधन के कार्यपालक अभियंता को कहा. इस दौरान सांसद के साथ भाई सनोज यादव, प्रदेश कार्य समिति रणधीर यादव, त्रिलोकी सिंह, रंजीत यादव, भोला सिंह, ब्रजेश कुमार सहित कई लोग थे.



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