वियतनाम में भारतीय पर्यटकों से भरी नाव समुद्र में पलटी, कई लोग लापता, मचा कोहराम
यह हादसा शनिवार सुबह करीब 10:30 बजे हुआ। नाव भारतीय पर्यटकों को फु क्वोक द्वीप के पास स्थित होन मे रुट न्गोआई (Hon May Rut Ngoai) द्वीप की सैर कराने जा रही थी।
Indian tourists capsizes in Vietnam : वियतनाम के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल फु क्वोक द्वीप के पास शनिवार को भारतीय पर्यटकों को लेकर जा रही एक नाव समुद्र में पलट गई। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। भारतीय दूतावास ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि स्थानीय प्रशासन की ओर से राहत एवं बचाव अभियान चलाया जा रहा है और मामले की विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है।
सोशल मीडिया पर वायरल हो रही जानकारी के अनुसार, नाव में करीब 32 भारतीय पर्यटक सवार थे। इनमें से 18 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया है, जबकि 14 अन्य पर्यटकों की तलाश जारी है। हालांकि भारतीय दूतावास ने अभी तक यात्रियों की आधिकारिक संख्या या हताहतों की पुष्टि नहीं की है।
भारतीय दूतावास ने बताया कि हादसे के बाद वियतनाम के स्थानीय प्रशासन और बचाव एजेंसियों के साथ लगातार संपर्क बनाए रखा गया है। भारतीय नागरिकों की सहायता के लिए हनोई और हो ची मिन्ह सिटी स्थित भारतीय मिशनों में विशेष कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं। दूतावास ने आपात स्थिति में सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर +84 36 281 7930, +84 91 552 37 14 और +84 33 452 0414 जारी किए हैं। प्रभावित भारतीय नागरिकों और उनके परिजनों से इन नंबरों पर संपर्क करने की अपील की गई है।
प्रारंभिक रिपोर्टों के मुताबिक, यह हादसा शनिवार सुबह करीब 10:30 बजे हुआ। नाव भारतीय पर्यटकों को फु क्वोक द्वीप के पास स्थित होन मे रुट न्गोआई (Hon May Rut Ngoai) द्वीप की सैर कराने जा रही थी। यह द्वीप अपने साफ समुद्र, खूबसूरत समुद्री तटों और कोरल रीफ डाइविंग के लिए दुनिया भर के पर्यटकों के बीच काफी लोकप्रिय माना जाता है।
स्थानीय प्रशासन के अनुसार, हादसे के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है। समुद्र में तलाशी अभियान जारी है और लापता पर्यटकों का पता लगाने के लिए बचाव दल लगातार प्रयास कर रहे हैं। भारतीय दूतावास ने कहा है कि जैसे-जैसे नई जानकारी सामने आएगी, उसे सार्वजनिक किया जाएगा।
फिलहाल हादसे को लेकर भारतीय पर्यटकों के परिजनों में चिंता का माहौल है। भारतीय मिशन ने भरोसा दिलाया है कि सभी प्रभावित नागरिकों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी और स्थानीय प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर राहत कार्यों पर लगातार नजर रखी जा रही है।