Bharat Tiwari Encounter Case: भरत तिवारी एनकाउंटर की तेरहवीं आज, 25 हजार लोगों के लिए भोज की तैयारी मां बोलीं- 'सरकार पर नहीं, सिर्फ हाईकोर्ट पर भरोसा
Bharat Tiwari Encounter Case: भोजपुर में पुलिस एनकाउंटर में मारे गए भरत भूषण तिवारी की मंगलवार को तेरहवीं का कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। ...
Bharat Tiwari Encounter Case: भोजपुर में पुलिस एनकाउंटर में मारे गए भरत भूषण तिवारी की मंगलवार को तेरहवीं का कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। इस मौके पर गांव में बड़े स्तर पर इंतजाम किए गए हैं। करीब 25 हजार लोगों के लिए भोजन तैयार किया जा रहा है, जबकि अतिरिक्त 15 हजार लोगों के लिए राशन का भी इंतजाम रखा गया है। तेरहवीं को लेकर पूरे इलाके में भारी हलचल है और विभिन्न राज्यों से बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।
श्राद्ध कार्यक्रम के लिए गांव और आसपास के खेतों में विशाल टेंट और शामियाने लगाए गए हैं। श्रद्धांजलि सभा में शामिल होने वाले लोगों के बैठने, भोजन करने और आराम करने की विशेष व्यवस्था की गई है। मौसम को देखते हुए कूलर, पंखे और पलंग तक लगाए गए हैं। परिजनों का कहना है कि बिहार, उत्तर प्रदेश, हरियाणा और मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों से समर्थकों के आने की उम्मीद है। भरत के पिता काशीनाथ तिवारी और भाई चंदन तिवारी ने बताया कि बाहर से आने वाले लोगों के ठहरने की भी मुकम्मल व्यवस्था की गई है।
इस बीच भरत तिवारी की मां आशा देवी का बयान एक बार फिर सुर्खियों में है। उन्होंने कहा कि उन्हें राज्य सरकार, न्यायिक जांच टीम और भोजपुर पुलिस पर बिल्कुल भरोसा नहीं है। उनके मुताबिक, उन्हें सिर्फ हाईकोर्ट से इंसाफ की उम्मीद है और वहीं उनके बेटे को न्याय दिला सकता है।
उधर, इस बहुचर्चित एनकाउंटर मामले में मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट में भी अहम सुनवाई होनी है। जस्टिस एम. एम. सुंदरेश और जस्टिस शील नागू की पीठ इस मामले पर सुनवाई करेगी। सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता विशाल तिवारी द्वारा दायर जनहित याचिका में पूरे मामले की CBI जांच कराने और सुप्रीम कोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश की निगरानी में स्वतंत्र विशेष जांच समिति गठित करने की मांग की गई है।
वहीं, मामला अब राष्ट्रपति सचिवालय तक भी पहुंच चुका है। वरिष्ठ अधिवक्ता संजीव कुमार सिंह की ओर से भेजी गई ईमेल याचिका पर संज्ञान लेते हुए राष्ट्रपति सचिवालय ने बिहार के मुख्य सचिव को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
अब एक तरफ भरत तिवारी की तेरहवीं में हजारों लोगों की भीड़ जुटने की तैयारी है, तो दूसरी ओर सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई और राष्ट्रपति सचिवालय की पहल ने इस पूरे एनकाउंटर प्रकरण को और अधिक संवेदनशील और चर्चित बना दिया है। सभी की निगाहें अब न्यायिक प्रक्रिया और जांच की अगली दिशा पर टिकी हैं।
ब्यूरो रिपोर्ट