भोजपुर में अवैध शराब तस्करी के खिलाफ पुलिस की बड़ी कार्रवाई, करोड़ों की विदेशी शराब के साथ दो गिरफ्तार

करोड़ों की विदेशी शराब के साथ दो गिरफ्तार- फोटो : आशीष

Arrah : बिहार में पूर्ण शराबबंदी को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए जिला प्रशासन और मद्यनिषेध विभाग लगातार एक्शन मोड में है। इसी कड़ी में भोजपुर जिले में अवैध शराब माफियाओं के खिलाफ अब तक की एक बड़ी कार्रवाई देखने को मिली है। जिलाधिकारी (डीएम) तनय सुल्तानिया के कड़े निर्देश पर जिले में चलाए जा रहे विशेष छापेमारी और वाहन जांच अभियान के दौरान मद्यनिषेध विभाग को यह बड़ी सफलता हाथ लगी है।


सहायक आयुक्त मद्यनिषेध रजनीश को गुप्त सूचना मिली थी कि हरियाणा नंबर के एक ट्रक से भारी मात्रा में विदेशी शराब की खेप बिहार लाई जा रही है। इस इनपुट पर त्वरित कार्रवाई करते हुए मद्यनिषेध एवं उत्पाद विभाग भोजपुर और राज्य नियंत्रण ब्यूरो पटना की संयुक्त टीम ने जाल बिछाया। टीम ने मोहनिया-आरा फोरलेन पर धनगाई थाना क्षेत्र के महुरही ओवरब्रिज के पास नाकेबंदी कर दी और संदिग्ध वाहनों की तलाश शुरू कर दी।


सघन चेकिंग के दौरान पुलिस टीम ने एक संदिग्ध महिंद्रा बोलेरो ट्रक को रोका। जब ट्रक की तलाशी ली गई, तो अधिकारियों की आंखें फटी की फटी रह गईं। ट्रक के अंदर भारी मात्रा में अवैध विदेशी शराब छिपाकर रखी गई थी। पुलिस ने मौके से ही ट्रक चालक अमनदीप सिंह (पिता: मलकीत सिंह, निवासी: करनाल, हरियाणा) और उसके एक अन्य साथी जरनैल सिंह (पिता: हाकीम सिंह, निवासी: कुरुक्षेत्र, हरियाणा) को धर दबोचा।


विभाग द्वारा की गई गिनती के अनुसार, जब्त किए गए ट्रक से कुल 62,040 पीस अवैध विदेशी शराब और बीयर बरामद की गई है, जो कुल 11,205.600 लीटर बैठती है। इसमें इंपीरियल ब्लू व्हिस्की (180ml) के 60,480 पीस, रॉयल चैलेंज व्हिस्की (180ml) के 1,440 पीस और किंगफिशर एक्स्ट्रा स्पेशल बीयर (500ml) के 120 पीस शामिल हैं। जब्त की गई इस शराब की कुल बाजार कीमत करीब 1 करोड़ 35 लाख रुपये आंकी जा रही है।


शुरुआती पूछताछ में गिरफ्तार तस्करों ने कुबूल किया है कि शराब की यह बड़ी खेप हरियाणा से लोड की गई थी और इसे बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में खपाने की योजना थी। मद्यनिषेध विभाग ने दोनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है और उन्हें आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए न्यायालय को सुपुर्द करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस बड़ी रिकवरी को शराब तस्करों के सिंडिकेट पर एक बड़ा प्रहार माना जा रहा है।

आशीष कुमार की रिपोर्ट