Bihar News : बक्सर में CCTV ने खोला ट्रेनों में सक्रिय चोर गिरोह का राज, दो लगेज लिफ्टर हुए गिरफ्तार, गहने, मोबाइल और कार पुलिस ने किया बरामद

Bihar News : बिहार में रेल यात्रियों को अपना निशाना बनाकर ट्रेनों से बैग और कीमती सामान उड़ाने वाले एक बेहद शातिर गिरोह का आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त टीम ने पर्दाफाश किया है.....पढ़िए आगे

चोर गिरोह का पर्दाफाश - फोटो : SANDIP

BUXAR : बिहार में रेल यात्रियों को निशाना बनाकर ट्रेनों में बैग और कीमती सामान चोरी करने वाले एक शातिर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त टीम ने बड़ी सफलता हासिल की है। सीसीटीवी फुटेज और गुप्त सूचना के आधार पर की गई कार्रवाई में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से सोने की चेन, लैपटॉप, आठ मोबाइल फोन, कई बैग और एक कार बरामद की गई है। पुलिस का मानना है कि इनकी गिरफ्तारी से ट्रेनों में हुई कई चोरी की घटनाओं का खुलासा हो सकता है।

जानकारी के अनुसार, गाड़ी संख्या 12141 पाटलिपुत्र-एलटीटी एक्सप्रेस और 19421 अहमदाबाद एक्सप्रेस में यात्रियों के बैग चोरी होने की शिकायतें सामने आई थीं। मामले की गंभीरता को देखते हुए आरपीएफ और जीआरपी ने स्टेशन परिसर और आसपास के सीसीटीवी फुटेज की जांच शुरू की। फुटेज में एक संदिग्ध युवक ट्रॉली बैग लेकर जाते हुए दिखाई दिया। तकनीकी जांच और मुखबिर की सूचना के आधार पर उसकी पहचान बक्सर जिले के इटाढ़ी थाना क्षेत्र अंतर्गत हकीमपुर निवासी सूरज कुमार गुप्ता के रूप में हुई।

पहचान होते ही आरपीएफ और जीआरपी की टीम ने बक्सर के पांडे पट्टी स्थित उसके किराए के मकान पर संयुक्त छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान सूरज कुमार गुप्ता और उसके सहयोगी अक्षय कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया। तलाशी के दौरान पुलिस ने उनके कब्जे से एक सोने की चेन, दो ट्रॉली बैग, दो पिट्ठू बैग, आठ मोबाइल फोन, एक लैपटॉप और एक कार बरामद की।

गिरफ्तार सूरज कुमार गुप्ता का आपराधिक इतिहास भी लंबा रहा है। पुलिस के अनुसार वह टाउन थाना, इंडस्ट्रियल थाना, इटाढ़ी थाना समेत रोहतास जिले के विभिन्न थानों में दर्ज 10 से अधिक चोरी और अन्य आपराधिक मामलों में जेल जा चुका है। इसके बावजूद वह लगातार रेलवे यात्रियों को अपना निशाना बना रहा था। वहीं दूसरा आरोपी अक्षय कुमार टाउन थाना क्षेत्र के किला मैदान झोपड़पट्टी का निवासी है। रेलवे सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि यह गिरोह लंबे समय से ट्रेनों में सफर कर रहे यात्रियों की गतिविधियों पर नजर रखता था और मौका मिलते ही उनका सामान लेकर फरार हो जाता था। दोनों आरोपियों से पूछताछ के आधार पर चोरी की अन्य घटनाओं और गिरोह से जुड़े संभावित सदस्यों के बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है। एक सीसीटीवी फुटेज से शुरू हुई जांच ने आखिरकार उस गिरोह को बेनकाब कर दिया, जो यात्रियों की लापरवाही को अपना धंधा बना चुका था। गिरफ्तारी के बाद अब रेलवे सुरक्षा एजेंसियां इस नेटवर्क के अन्य कड़ियों तक पहुंचने की कोशिश में जुट गई हैं।

संदीप की रिपोर्ट