बक्सर में भगवान वामन अवतार की जेल परिषद से मुक्ति को लेकर उत्साह, राजकुमार चौबे करेंगे 23 मई को ऐतिहासिक पहल
Vishwamitra Sena : बक्सर की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान से जुड़ा भगवान वामन अवतार मंदिर मामला एक बार फिर चर्चा में है। विश्वामित्र सेना के नेतृत्व में लंबे समय से भगवान वामन अवतार को जेल परिषद परिसर से मुक्त कराने की मांग उठाई जा रही थी। अब 23 मई को इस दिशा में बड़ा कदम उठाए जाने की संभावना से श्रद्धालुओं और सनातन समाज में उत्साह का माहौल है। विश्वामित्र सेना के राष्ट्रीय संयोजक राजकुमार चौबे ने कहा कि संगठन पिछले कई वर्षों से इस मुद्दे को लेकर संघर्ष कर रहा है। धार्मिक और सामाजिक मंचों के माध्यम से लगातार आवाज उठाई गई ताकि श्रद्धालु अपने आराध्य भगवान वामन अवतार का सहज रूप से दर्शन कर सकें।
बताया जा रहा है कि बिहार सरकार ने पूर्व में ही संकेत दिए थे कि भगवान वामन अवतार को जेल परिषद परिसर से मुक्त कराने की दिशा में कार्रवाई की जाएगी। अब मुख्यमंत्री Samrat Choudhary के नेतृत्व में 23 मई को इस संबंध में महत्वपूर्ण पहल होने की चर्चा तेज हो गई है। राजकुमार चौबे ने इसे केवल धार्मिक मुद्दा नहीं, बल्कि बक्सर की सनातन चेतना और सांस्कृतिक अस्मिता से जुड़ा विषय बताया। उन्होंने कहा कि यह संघर्ष आसान नहीं था और इस दौरान कई बाधाओं का सामना करना पड़ा, लेकिन विश्वामित्र सेना अपने संकल्प से पीछे नहीं हटी।
उन्होंने कहा कि भगवान वामन अवतार की मुक्ति बक्सर की प्राचीन आध्यात्मिक पहचान को पुनर्स्थापित करने की दिशा में ऐतिहासिक कदम साबित होगी। साथ ही आने वाले समय में बक्सर को राष्ट्रीय स्तर पर सनातन आस्था के प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करने के लिए अभियान और तेज किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि विश्वामित्र सेना ने संकल्प लिया था कि सनातन संस्कृति, श्रद्धालुओं की आस्था और बक्सर के गौरव की रक्षा के लिए हर स्तर पर संघर्ष करेंगे। आज यह ऐतिहासिक क्षण समस्त सनातन समाज की विजय का प्रतीक है। आने वाले समय में बक्सर को उसकी प्राचीन आध्यात्मिक पहचान दिलाने का अभियान और अधिक मजबूती से आगे बढ़ाया जाएगा।