JEE Advanced 2026 में बिहार का जलवा, गया के शुभम कुमार बने ऑल इंडिया टॉपर, 360 में 330 अंक लाकर रचा इतिहास
Bihar JEE Advanced 2026: गया के होनहार छात्र शुभम कुमार ने ऐसा कारनामा कर दिखाया है, जिसने पूरे राज्य का सिर फख्र से ऊंचा कर दिया है।
Bihar JEE Advanced 2026: देश की सबसे कठिन और प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं में शुमार जेईई एडवांस 2026 का रिजल्ट घोषित होते ही बिहार में जश्न का माहौल बन गया है। गया के होनहार छात्र शुभम कुमार ने ऐसा कारनामा कर दिखाया है, जिसने पूरे राज्य का सिर फख्र से ऊंचा कर दिया है। जेईई मेन में शानदार प्रदर्शन के बाद अब शुभम ने जेईई एडवांस में भी ऑल इंडिया रैंक-1 हासिल कर इतिहास रच दिया है।
गया शहर के वार्ड संख्या-38 स्थित नादरगंज ब्राह्मणी घाट मोहल्ले के निवासी शुभम कुमार ने 360 अंकों में से 330 अंक हासिल कर पूरे देश में पहला स्थान प्राप्त किया है। उनकी इस बेमिसाल कामयाबी से परिवार, रिश्तेदारों और पूरे इलाके में खुशी की लहर दौड़ गई है। फिलहाल शुभम राजस्थान के कोटा में रहकर अपनी सफलता का जश्न मना रहे हैं और अब उनका सपना देश के प्रतिष्ठित संस्थान आईआईटी मुंबई में दाखिला लेकर नई ऊंचाइयों को छूना है।
शुभम का परिवार व्यवसाय से जुड़ा हुआ है। उनके दादा रामचंद्र और पिता शिव कुमार शहर के जाने-माने कारोबारी हैं। हालांकि आर्थिक रूप से संपन्न परिवार से आने के बावजूद शुभम ने अपनी मेहनत, लगन और काबिलियत के दम पर यह मुकाम हासिल किया है। उनके पिता शिव कुमार बताते हैं कि शुभम ने जेईई मेन 2026 के जनवरी और अप्रैल दोनों सत्रों में 100 पर्सेंटाइल हासिल कर पहले ही अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा दिया था।
शुभम की सफलता सिर्फ जेईई तक सीमित नहीं है। उन्होंने सीबीएसई 12वीं बोर्ड परीक्षा में भी 96.8 प्रतिशत अंक हासिल कर शानदार प्रदर्शन किया था। खास बात यह है कि शुभम ने दसवीं कक्षा तक किसी तरह की ट्यूशन नहीं ली। उन्होंने आत्मविश्वास, अनुशासन और सेल्फ स्टडी के बल पर अपनी पढ़ाई जारी रखी। पांचवीं तक मां ने उन्हें पढ़ाया, लेकिन उसके बाद उन्होंने खुद की मेहनत से अपनी शैक्षणिक यात्रा को आगे बढ़ाया।
शुभम का मानना है कि रटने के बजाय कॉन्सेप्ट को समझना सफलता की सबसे बड़ी कुंजी है। आज उनकी यह ऐतिहासिक उपलब्धि लाखों छात्रों के लिए प्रेरणा बन गई है। गया के इस लाल ने साबित कर दिया है कि मेहनत, जुनून और मजबूत इरादों के सामने कोई मंजिल दूर नहीं होती।
ब्यूरो रिपोर्ट