गयाजी में जलजमाव पर संज्ञान नगर निगम आपके द्वार : नगर आयुक्त ने संभाला मोर्चा, त्वरित एक्शन जल निकासी शुरू
भारी बारिश के कारण वार्ड संख्या-29 स्थित वृंदावन कॉलोनी में हुए जलजमाव का जिलाधिकारी ने तुरंत संज्ञान लिया। उनके निर्देश पर नगर आयुक्त डॉ० गगन कुमार की मौजूदगी में पंप सेट और मशीनों के जरिए जल निकासी का काम युद्धस्तर पर जारी है।
बिहार के गयाजी शहर के चंदौती थाना क्षेत्र अंतर्गत वार्ड संख्या-29 स्थित वृंदावन कॉलोनी में हालिया भारी बारिश के कारण गंभीर जलजमाव की समस्या उत्पन्न हो गई। स्थानीय लोगों को हो रही परेशानी की सूचना मिलते ही जिलाधिकारी गया, शशांक शुभंकर ने मामले को अत्यंत गंभीरता से लिया। उन्होंने नगर आयुक्त डॉ० गगन कुमार को तुरंत मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लेने और जल निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित करने के कड़े निर्देश दिए।
नगर आयुक्त ने स्थल पर पहुंचकर संभाला मोर्चा
जिलाधिकारी के निर्देश के बाद नगर आयुक्त डॉ० गगन कुमार नगर निगम के वरिष्ठ अधिकारियों और तकनीकी कर्मियों के साथ वृंदावन कॉलोनी पहुँचे। उन्होंने क्षेत्र का गहन निरीक्षण कर जल जमाव की स्थिति का जायजा लिया। स्थानीय निवासियों को जल्द से जल्द राहत दिलाने के उद्देश्य से नगर निगम की पूरी टीम को त्वरित कार्रवाई में जुटाया गया।
पंप सेट और आधुनिक मशीनों से जल निकासी तेज
वृंदावन कॉलोनी में ठहरे पानी को बाहर निकालने के लिए नगर निगम ने बड़े स्तर पर पंप सेट, आवश्यक मशीनरी और संसाधनों को तैनात कर दिया है। इन मशीनों के जरिए कॉलोनी से पानी खींचकर बाहर निकालने का काम काफी तेजी से किया जा रहा है, ताकि क्षेत्र के निवासियों को जलजमाव और बदबू की समस्या से राहत मिल सके।
नई बसावट और भारी बारिश के कारण उत्पन्न हुई समस्या
नगर आयुक्त ने स्थिति के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि वृंदावन कॉलोनी गया शहर का एक अपेक्षाकृत नया बसावट वाला इलाका है। इस क्षेत्र में मुख्यमंत्री समग्र विकास योजना के तहत सड़कों का निर्माण कार्य तो पूरा करा लिया गया है, लेकिन बीते दिनों हुई अत्यधिक बारिश के कारण निचले इलाकों में पानी भर गया, जिसे प्राथमिकता के आधार पर निकाला जा रहा है।
भविष्य के लिए स्थायी ड्रेनेज सिस्टम की योजना
तत्काल राहत कार्य चलाने के साथ-साथ नगर निगम इस समस्या के स्थायी समाधान पर भी काम कर रहा है। इसके लिए अभियंताओं की एक टीम को सड़क की ऊंचाई, प्राकृतिक जल बहाव और तकनीकी पहलुओं का आकलन करने का निर्देश दिया गया है। आवश्यकता के अनुसार नया नाला, ड्रेनेज निर्माण और अन्य जरूरी ढांचागत बदलाव किए जाएंगे ताकि भविष्य में दोबारा जलजमाव न हो।
नियमित निगरानी और दीर्घकालिक समाधान पर जोर
जिला प्रशासन और नगर निगम का मुख्य उद्देश्य तात्कालिक राहत के साथ-साथ ऐसा ठोस तंत्र बनाना है जिससे आगामी मानसून में स्थानीय निवासियों को इस तरह की दिक्कतों का सामना न करना पड़े। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को चल रहे जल निकासी कार्य की लगातार मॉनिटरिंग करने और योजनाबद्ध तरीके से जल्द काम पूरा करने का निर्देश दिया है।
गयाजी से पुष्कर प्रवीण की रिपोर्ट