Bihar News : चीन की दमनकारी नीतियों के खिलाफ सड़कों पर उतरे तिब्बती भिक्षु, 'फ्री तिब्बत' के नारों से गूंजी बौद्ध नगरी

Bihar News : विश्व शांति और बौद्ध धर्म की अंतरराष्ट्रीय राजधानी माने जाने वाले बोधगया में चीन की विस्तारवादी और दमनकारी नीतियों के खिलाफ तिब्बती समुदाय का जबरदस्त आक्रोश देखने को मिला।

सड़क पर उतरे तिब्बती भिक्षु - फोटो : MANOJ

GAYAJI : विश्व शांति और बौद्ध धर्म की अंतरराष्ट्रीय राजधानी माने जाने वाले बोधगया में रविवार को चीन की नीतियों के खिलाफ तिब्बती समुदाय का जबरदस्त आक्रोश देखने को मिला। बड़ी संख्या में तिब्बती भिक्षु (लामा), भिक्षुणियां और तिब्बती समुदाय के लोगों ने सड़कों पर उतरकर विरोध-प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान पूरे क्षेत्र में "फ्री तिब्बत", "चाइना स्टॉप रिप्रेशन", "वी वांट जस्टिस" और "लॉन्ग लिव तिब्बत" जैसे नारों से माहौल गूंज उठा।

प्रदर्शनकारियों ने हाथों में तिब्बती राष्ट्रीय ध्वज, बैनर और तख्तियां लेकर शांतिपूर्ण मार्च निकाला। इस दौरान उन्होंने आरोप लगाया कि चीन तिब्बत की धार्मिक, सांस्कृतिक और मानवीय पहचान को लगातार कमजोर करने का प्रयास कर रहा है। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि तिब्बतियों को अपने धर्म, संस्कृति और परंपराओं के अनुरूप जीवन जीने का अधिकार मिलना चाहिए तथा उनकी मूलभूत स्वतंत्रताओं का सम्मान किया जाना चाहिए।

तिब्बती समुदाय के लोगों ने कहा कि वे वर्षों से शांतिपूर्ण तरीके से अपने अधिकारों और तिब्बत की स्वतंत्र पहचान की मांग उठाते रहे हैं। उनका कहना था कि विश्व समुदाय को तिब्बत के मुद्दे पर गंभीरता से ध्यान देना चाहिए और मानवाधिकारों की रक्षा के लिए प्रभावी पहल करनी चाहिए।

प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में बौद्ध भिक्षुओं की मौजूदगी आकर्षण का केंद्र रही। शांतिपूर्ण मार्च के दौरान अनुशासन बनाए रखा गया और किसी प्रकार की अप्रिय घटना नहीं हुई। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और पुलिस भी पूरे समय मुस्तैद रही तथा मार्च पर लगातार नजर रखी गई।

मनोज की रिपोर्ट