मुजफ्फरपुर में मॉब लिंचिंग की कोशिश: बकरी चोरी के आरोप में युवक को लोहे की रॉड से बांधकर बेरहमी से पीटा, वीडियो वायरल

Bihar News : मुजफ्फरपुर में बकरी चोरी के आरोप में भीड़ ने एक युवक को पकड़कर लोहे की रॉड के सहारे उसके हाथ-पैर बांध दिए और फिर उसकी बेरहमी से पिटाई की। इस अमानवीय कृत्य का वीडियो सोशल मीडिया पर बड़ी तेजी से वायरल हो रहा...

बकरी चोरी के आरोप में युवक की बेरहमी से पिटाई- फोटो : मणिभूषण

Muzaffarpur : जिले के अहियापुर थाना क्षेत्र में कानून को हाथ में लेने का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। जहां बकरी चोरी के आरोप में भीड़ ने एक युवक को पकड़कर लोहे की रॉड के सहारे उसके हाथ-पैर बांध दिए और फिर उसकी बेरहमी से पिटाई की। इस अमानवीय कृत्य का वीडियो सोशल मीडिया पर बड़ी तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें भीड़ सरेआम युवक पर जुल्म ढाती दिख रही है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में कार्रवाई शुरू की गई।


बैरिया-मोतिहारी रोड पर घंटों चला तांडव 

मिली जानकारी के अनुसार यह पूरी घटना अहियापुर थाना क्षेत्र के बैरिया से पुरानी मोतिहारी रोड की है। स्थानीय लोगों ने ब्रह्मपुरा थाना क्षेत्र के ब्रह्मपुरा पोखर निवासी गोलू कुमार को बकरी चोरी के संदेह में दबोच लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आक्रोशित भीड़ ने युवक को जमीन पर पटक कर लोहे की छड़ से उसे जकड़ दिया ताकि वह भाग न सके और फिर उस पर लात-घूसों की बरसात कर दी। सूचना मिलते ही अहियापुर थाना अध्यक्ष रोहन कुमार ने मौके पर पहुँचकर भीड़ के चंगुल से युवक का रेस्क्यू किया और उसे गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया।


पीड़ित की मां ने बताया आरोप को झूठा 

अस्पताल में भर्ती गोलू कुमार की हालत नाजुक बनी हुई है। इस बीच, घायल युवक की मां ने अहियापुर थाने में लिखित आवेदन देकर न्याय की गुहार लगाई है। उन्होंने अपने आवेदन में स्पष्ट कहा है कि उनके बेटे को सोची-समझी साजिश के तहत फर्जी तरीके से फंसाया गया है। मां का दावा है कि उनके बेटे पर बकरी चोरी का झूठा आरोप लगाकर भीड़ ने उसे जान से मारने की नियत से बर्बरतापूर्वक पीटा है। पुलिस इस आवेदन के आधार पर मामले की गहनता से जांच कर रही है।


पुलिस की कड़ी चेतावनी: दोषी नहीं बख्शे जाएंगे 

पूरे मामले पर संज्ञान लेते हुए एसडीपीओ टाउन-टू विनीता सिन्हा ने बताया कि पुलिस को युवक की बेरहमी से पिटाई किए जाने की सूचना मिली थी। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए युवक को बचा लिया है। एसडीपीओ ने स्पष्ट किया कि किसी को भी कानून हाथ में लेने का अधिकार नहीं है। पुलिस वायरल वीडियो के जरिए हमलावरों की पहचान कर रही है। उन्होंने कहा कि युवक के मां के आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।


मानवीय संवेदनाओं पर उठ रहे सवाल 

सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद स्थानीय लोगों में भी इस घटना को लेकर चर्चा तेज है। सरेआम हाथ-पैर बांधकर किसी की पिटाई करना समाज की गिरती संवेदनाओं और पुलिस के इकबाल पर सवाल खड़े करता है। हालांकि, अहियापुर पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी गई है और लोगों को जागरूक किया जा रहा है कि किसी भी संदिग्ध को पकड़ने पर उसे कानून के हवाले करें, न कि स्वयं सजा दें। फिलहाल, पुलिस की टीमें आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही हैं।

मणिभूषण की रिपोर्ट