Bihar News : मुजफ्फरपुर में उत्पाद विभाग की बड़ी 'सर्जिकल स्ट्राइक', कबाड़ गोदाम से लाखों की विदेशी शराब किया बरामद, रिहायशी इलाके में चल रहा था खेल
MUZAFFARPUR : होली के त्योहार से ठीक पहले शराब तस्करों के मंसूबों पर पानी फेरते हुए उत्पाद विभाग ने एक बड़ी 'सर्जिकल स्ट्राइक' की है। विभाग ने अहियापुर थाना क्षेत्र के एक कबाड़ गोदाम की आड़ में चल रहे अवैध शराब के बड़े कारोबार का भंडाफोड़ किया है। इस छापेमारी में गोदाम से विभिन्न ब्रांडों की लाखों रुपये मूल्य की विदेशी शराब बरामद की गई है। हालांकि, पुलिस की भनक लगते ही धंधेबाज मौके से फरार होने में सफल रहे, जिनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
यह पूरी कार्रवाई मुजफ्फरपुर जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन के निर्देश पर चलाई जा रही विशेष अभियान के तहत की गई है। उत्पाद इंस्पेक्टर दीपक कुमार को गुप्त सूचना मिली थी कि जगदंबा नगर स्थित एक कबाड़ गोदाम में शराब की बड़ी खेप डंप की गई है। सूचना के आधार पर जब टीम मौके पर पहुंची और गोदाम का ताला तोड़ा, तो अंदर का नजारा देखकर अधिकारी भी दंग रह गए। पूरे गोदाम में विदेशी शराब की बोतलों और खाली कार्टन का अंबार लगा हुआ था।
हैरानी की बात यह है कि तस्करी का यह केंद्र एक घने रिहायशी इलाके में स्थित था। यह गोदाम बैरिया बस स्टैंड से महज 500 मीटर की दूरी पर है, जहां से शराब की सप्लाई आसानी से की जा सकती थी। उत्पाद विभाग ने मौके से शराब की खेप के साथ-साथ एक ऑटो भी जब्त किया है। जांच में पता चला है कि इसी ऑटो का इस्तेमाल चोरी-छिपे शराब की होम डिलीवरी और परिवहन के लिए किया जा रहा था।
मामले की जानकारी देते हुए उत्पाद इंस्पेक्टर दीपक कुमार ने बताया कि होली के मद्देनजर शराब कारोबारियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है। उन्होंने कहा कि तस्करों ने कबाड़ की आड़ में पुलिस को चकमा देने की कोशिश की थी, लेकिन सटीक सूचना ने उनके नेटवर्क को ध्वस्त कर दिया। फिलहाल, बरामद शराब की गिनती की जा रही है और जब्त किए गए ऑटो के रजिस्ट्रेशन नंबर के आधार पर मालिक और तस्करों की पहचान की जा रही है।
उत्पाद विभाग की इस कार्रवाई से जिले के शराब माफियाओं में हड़कंप मच गया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि त्योहार के दौरान किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है और आने वाले दिनों में ऐसे कई और ठिकानों पर छापेमारी की जाएगी। फिलहाल, अज्ञात शराब कारोबारियों के खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है ताकि इस सिंडिकेट के मुख्य सरगना तक पहुंचा जा सके।
मणिभूषण की रिपोर्ट