शराब माफिया पर 'बुलडोजर एक्शन': जब्त की गई 1 करोड़ की शराब और स्प्रिट को किया गया नष्ट

बिहार के मुजफ्फरपुर में उत्पाद विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अलग-अलग मामलों में जब्त की गई लगभग 8500 लीटर अवैध शराब और स्प्रिट पर बुलडोजर चलाकर उसे पूरी तरह विनष्ट कर दिया है।

Muzaffarpur - बिहार में पूर्ण शराबबंदी कानून को सख्ती से लागू करने के लिए मुजफ्फरपुर उत्पाद विभाग ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। जिलाधिकारी के निर्देशानुसार, जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों और उत्पाद विभाग की टीम द्वारा बीते दिनों जब्त की गई अवैध शराब की खेप को आज सार्वजनिक रूप से नष्ट किया गया। इस कार्रवाई के दौरान भारी संख्या में पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।

8500 लीटर शराब और स्प्रिट पर चला बुलडोजर

उत्पाद इंस्पेक्टर दीपक कुमार ने बताया कि विभाग द्वारा कुल 39 अलग-अलग मामलों में कार्रवाई करते हुए भारी मात्रा में स्प्रिट, विदेशी शराब और देसी शराब जब्त की गई थी। जब्त किए गए स्टॉक में लगभग 8500 लीटर अवैध तरल पदार्थ शामिल था। न्यायालय से आदेश प्राप्त होने के बाद, आज उत्पाद विभाग के कार्यालय परिसर में इन सभी बोतलों और गैलनों पर बुलडोजर चलाकर उन्हें मिट्टी में मिला दिया गया।

बाजार में एक करोड़ रुपये आकी गई कीमत

विनष्ट की गई शराब की मात्रा और उसकी गुणवत्ता के आधार पर अधिकारियों ने इसकी अनुमानित बाजार कीमत लगभग 1 करोड़ रुपये बताई है। नष्ट किए गए स्टॉक में बड़ी मात्रा में स्प्रिट भी शामिल थी, जिसका उपयोग अक्सर जहरीली शराब बनाने या देसी शराब की तीव्रता बढ़ाने के लिए किया जाता था। पुलिस की इस कार्रवाई से अवैध शराब सिंडिकेट को आर्थिक रूप से बड़ी चोट पहुंची है।

मजिस्ट्रेट और वरीय अधिकारियों की रही मौजूदगी

शराब विनष्टीकरण की यह पूरी प्रक्रिया पूरी पारदर्शिता के साथ संपन्न की गई। मौके पर नियुक्त मजिस्ट्रेट, टाउन डीएसपी और उत्पाद इंस्पेक्टर दीपक कुमार की देखरेख में वीडियोग्राफी के साथ शराब को नष्ट किया गया। विभाग का कहना है कि शराबबंदी के नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है और ऐसी कार्रवाई भविष्य में भी जारी रहेगी।

शराब माफियाओं में मचा हड़कंप

मुजफ्फरपुर में पिछले कुछ समय से उत्पाद विभाग लगातार शराब तस्करों के नेटवर्क को ध्वस्त करने में जुटा है। इस बड़े पैमाने पर हुए विनष्टीकरण ने शराब माफियाओं के बीच हड़कंप मचा दिया है। अधिकारियों ने स्पष्ट संदेश दिया है कि जप्ती के बाद कानूनी प्रक्रिया पूरी होते ही अवैध स्टॉक को इसी तरह नष्ट किया जाता रहेगा, ताकि किसी भी सूरत में यह दोबारा बाजार तक न पहुंच सके।

Report - mani bhushan sharma