करंट लगने से मां और मासूम बेटी की मौत, गांव में पसरा मातम
Nawada : जिले के परनाडाबर थाना क्षेत्र अंतर्गत मांझी टोला में शुक्रवार को एक बेहद हृदयविदारक घटना सामने आई, जहां बिजली के करंट की चपेट में आने से मां और उसकी तीन वर्षीय मासूम बेटी की मौके पर ही मौत हो गई। इस दर्दनाक हादसे के बाद से ही पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
बच्ची को बचाने के प्रयास में मां भी आई करंट की चपेट में
प्राप्त जानकारी के अनुसार, घटना के समय घर के मुखिया राजेश मांझी मजदूरी करने रजौंध गांव गए हुए थे। घर में उनकी 24 वर्षीय पत्नी रानी कुमारी अपने बच्चों के साथ थीं। रानी कुमारी जब चूल्हे की लिपाई-पोताई कर रही थीं, तभी उनकी तीन वर्षीय बेटी दुलारी कुमारी खेलते समय घर के कोने में लगे बिजली के अर्थिंग तार के संपर्क में आ गई। बेटी को तड़पता देख मां नंगे पांव उसे बचाने दौड़ी और जैसे ही बच्ची को छुआ, वह भी भयानक करंट की चपेट में आ गईं।
ग्रामीणों ने काटी बिजली, पर नहीं बच सकी जान
घटना के दौरान चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण तुरंत मौके की ओर दौड़े। स्थिति को समझते हुए स्थानीय समाजसेवी मो. मोबिन आलम ने तत्परता दिखाते हुए ट्रांसफार्मर से बिजली का कनेक्शन काटा। हालांकि, तब तक बहुत देर हो चुकी थी और मां-बेटी दोनों की दर्दनाक मौत हो चुकी थी। गनीमत रही कि बिस्तर पर सो रहा उनका एक वर्षीय मासूम बेटा इस हादसे से सुरक्षित बच गया।
पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा
घटना की सूचना मिलते ही परनाडाबर थानाध्यक्ष हरीकांत कुमार के निर्देश पर एसआई ब्यूटी कुमारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचीं। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना करने के बाद दोनों शवों को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए नवादा सदर अस्पताल भेज दिया और आगे की कानूनी कार्रवाई में जुट गई।
बिजली विभाग से जर्जर तार बदलने की मांग
इस हृदयविदारक घटना के बाद से ही पीड़ित परिवार और पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और बिजली विभाग से गांव में फैले खुले व जर्जर अर्थिंग तारों को तुरंत ठीक कराने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह के हादसों की पुनरावृत्ति न हो सके।
अमन की रिपोर्ट