Bihar new Governor: पटना की सियासत में डबल धमाका, नीतीश के राज्यसभा सफर के बीच बिहार को मिला नया राजभवन का सिपहसालार, जानिए कौन हैं नए राज्यपाल सैयद अता हसनैन

Bihar new Governor: एक तरफ मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा के लिए नामांकन ने सत्ता के गलियारों में नई अटकलों को जन्म दे दिया है, तो दूसरी तरफ राजभवन की चौखट पर भी नया चेहरा तैनात कर दिया गया है।

जानिए कौन हैं नए राज्यपाल सैयद अता हसनैन- फोटो : social Media

Bihar new Governor:  बिहार की सियासत इन दिनों तेज़ हलचलों और बड़े फेरबदल के दौर से गुजर रही है। एक तरफ मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा के लिए नामांकन ने सत्ता के गलियारों में नई अटकलों को जन्म दे दिया है, तो दूसरी तरफ राजभवन की चौखट पर भी नया चेहरा तैनात कर दिया गया है। केंद्र सरकार ने सेवानिवृत्त लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन को बिहार का नया राज्यपाल नियुक्त कर दिया है, जिससे पटना की सियासी फिज़ा और भी गरमा गई है।

जब सूबे में नए मुख्यमंत्री को लेकर सियासी गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म था, उसी बीच यह नियुक्ति एक अहम संदेश मानी जा रही है। सैन्य पृष्ठभूमि से आने वाले जनरल हसनैन को रणनीतिक सोच और कड़े प्रशासनिक अनुभव के लिए जाना जाता है। भारतीय सेना में लगभग 40 वर्षों तक सेवा देने वाले हसनैन जम्मू-कश्मीर में 15वीं कोर की कमान संभाल चुके हैं, जिसे रणनीतिक रूप से बेहद अहम माना जाता है।

अपने सैन्य करियर के दौरान उन्होंने श्रीलंका में IPKF मिशन से लेकर पंजाब, उत्तर-पूर्व और जम्मू-कश्मीर जैसे संवेदनशील इलाकों में कई बार मोर्चा संभाला। सियाचिन ग्लेशियर जैसे कठिन मोर्चे पर भी उन्होंने अपनी यूनिट की कमान संभाली। कश्मीर घाटी में कमांडर रहते हुए उन्होंने “हार्ट्स डॉक्ट्रिन” यानी जन-केंद्रित नीति के जरिए उग्रवाद को कम करने और लोगों का भरोसा जीतने की कोशिश की।

जनरल हसनैन को उनकी सेवाओं के लिए परम विशिष्ट सेवा मेडल (PVSM) और उत्तम युद्ध सेवा मेडल (UYSM) जैसे कई सम्मान मिल चुके हैं। सेवानिवृत्ति के बाद वह कश्मीर केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलाधिपति भी रह चुके हैं और रक्षा मामलों के जाने-माने विश्लेषक के रूप में सक्रिय रहे हैं।

ऐसे में बिहार की सियासत में यह नियुक्ति महज़ एक औपचारिक बदलाव नहीं, बल्कि सत्ता की शतरंज पर चली गई एक अहम और दूरगामी चाल के तौर पर देखी जा रही है।