परिवार नियोजन अभियान में बिहार के जिलों का दमदार प्रदर्शन, नसबंदी में वैशाली तो कॉपर-टी में सिवान अव्वल, गर्भनिरोधक इंजेक्शन की सुविधा देने में सारण अव्वल

Bihar Family Planning: बिहार में जनसंख्या स्थिरता को लेकर चलाए गए विशेष अभियान में कई जिलों ने बेहतर प्रदर्शन कर अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराई है।...

परिवार नियोजन अभियान - फोटो : social Media

Bihar Family Planning:  बिहार में जनसंख्या स्थिरता को लेकर चलाए गए विशेष अभियान में कई जिलों ने बेहतर प्रदर्शन कर अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराई है। 11 से 31 जुलाई 2026 तक चले जनसंख्या स्थिरता पखवाड़े के दौरान योग्य दंपतियों को परिवार नियोजन के स्थायी और अस्थायी साधनों की जानकारी दी गई। साथ ही इच्छुक लाभार्थियों को उनकी जरूरत के मुताबिक आवश्यक सेवाएं भी उपलब्ध कराई गईं। अभियान के आंकड़ों में पुरुष नसबंदी में वैशाली और कॉपर-टी संस्थापन में सिवान ने सबसे बेहतर प्रदर्शन किया।

अभियान के दौरान वैशाली जिले में 70 पुरुष नसबंदी ऑपरेशन किए गए, जो पूरे राज्य में सर्वाधिक रहे। इसके बाद सिवान में 64, जबकि बेगूसराय और रोहतास में 47-47 पुरुष नसबंदी ऑपरेशन हुए। जनसंख्या अनुपात के आधार पर वैशाली, सिवान, औरंगाबाद, रोहतास, नवादा, शेखपुरा और बेगूसराय ने निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले 100 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की।

विशेष अभियान के दौरान पूरे बिहार में कुल 19,065 महिला बंध्याकरण किए गए। पटना जिला 1,364 ऑपरेशन के साथ सबसे आगे रहा। वहीं बेगूसराय में 1,280 और वैशाली में 1,058 महिला बंध्याकरण किए गए। जनसंख्या अनुपात के आधार पर खगड़िया, नवादा, बेगूसराय और वैशाली ने निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले 80 प्रतिशत से अधिक उपलब्धि दर्ज की।

अस्थायी गर्भनिरोधक साधनों में कॉपर-टी संस्थापन के मामले में सिवान जिला सबसे आगे रहा। यहां 2,834 कॉपर-टी लगाए गए। इसके बाद बेगूसराय में 2,702 और पटना में 2,675 कॉपर-टी संस्थापन किए गए। जनसंख्या अनुपात के आधार पर बेगूसराय, शेखपुरा, नवादा और सिवान ने अपने निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले 75 प्रतिशत से अधिक उपलब्धि हासिल की।

पूरे राज्य में अभियान के दौरान 50,453 कॉपर-टी संस्थापन किए गए। इसके साथ ही परिवार नियोजन के अन्य अस्थायी साधनों को भी प्रोत्साहित किया गया। योग्य दंपतियों को गर्भनिरोधक विकल्पों की जानकारी देने के साथ इच्छुक लाभार्थियों को जरूरत के अनुसार सेवाएं उपलब्ध कराई गईं।गर्भनिरोधक इंजेक्शन ‘अंतरा’ की सेवा उपलब्ध कराने में सारण जिले ने बाजी मारी। यहां 6,186 लाभार्थियों को अंतरा की सुविधा दी गई। सिवान में 5,322 और पूर्वी चंपारण में 4,438 लाभार्थियों ने इस सेवा का लाभ उठाया।अभियान के आंकड़े बताते हैं कि परिवार नियोजन के स्थायी और अस्थायी दोनों साधनों को लेकर जिलों में जागरूकता और सेवा उपलब्धता बढ़ाने पर जोर दिया गया। विभिन्न जिलों के प्रदर्शन से राज्य में परिवार नियोजन कार्यक्रम को गति मिलने के संकेत मिल रहे हैं।