बिहार सरकार का तोहफा: पेंशनर्स को मिलेगा उच्चतर पद के वेतनमान का वैचारिक लाभ, जानें क्या है प्रक्रिया और आखिरी तारीख, चूके तो होगा नुकसान

Patna : बिहार सरकार के सामान्य प्रशासन विभाग ने बिहार सचिवालय सेवा के उन सेवानिवृत्त अधिकारियों के लिए एक महत्वपूर्ण सूचना जारी की है, जिन्हें अब तक उच्चतर पद के वेतनमान का वैचारिक लाभ नहीं मिल पाया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि आवश्यक दस्तावेजों के अभाव में रुके हुए इन लाभों के लिए अब अंतिम अवसर दिया जा रहा है। 

उच्चतर वेतनमान का वैचारिक लाभ देने की तैयारी

बिहार सरकार के सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी पत्र (पत्रांक-17/स्था. 22-12/2025-2273) के अनुसार, बिहार सचिवालय सेवा के उन पदाधिकारियों को उच्चतर पद के वेतनमान का वैचारिक लाभ दिया जाना है जो 11.04.2025 से 13.10.2025 (संशोधित संदर्भ तिथि 11.04.2019 से 13.10.2023) के बीच सेवानिवृत्त हुए हैं। सरकार की अधिसूचना संख्या 18775 के आलोक में यह प्रक्रिया शुरू की गई है। 

दस्तावेजों की कमी के कारण फंसा है लाभ

विभागीय पत्र में उल्लेख किया गया है कि अधिसूचना संख्या 809, 810, 811 एवं 812 (दिनांक 12.01.2026) के माध्यम से लाभ की घोषणा पहले ही की जा चुकी है। हालांकि, कई सेवानिवृत्त पदाधिकारियों के वांछित अभिलेख (दस्तावेज़) प्राप्त नहीं होने के कारण उन्हें अब तक इस वित्तीय लाभ का भुगतान नहीं किया जा सका है। यह आदेश अवर सचिव मनोज कुमार द्वारा सभी विभागों और प्रमंडलीय आयुक्तों को भेज दिया गया है। 

15 फरवरी 2026 तक का मिला समय

सामान्य प्रशासन विभाग ने निर्देश दिया है कि जिन सेवानिवृत्त पदाधिकारियों का लाभ लंबित है, उनसे संबंधित सभी आवश्यक अभिलेख और प्रतिवेदन 15 फरवरी 2026 तक अनिवार्य रूप से उपलब्ध करा दिए जाएं। यह समयसीमा इसलिए तय की गई है ताकि अग्रतर कार्रवाई समय पर पूरी की जा सके और पात्र अधिकारियों को उनका बकाया लाभ मिल सके। 

निर्धारित तिथि के बाद नहीं स्वीकार होंगे दावे

सरकार ने इस संबंध में सख्त रुख अपनाया है। पत्र में स्पष्ट चेतावनी दी गई है कि निर्धारित तिथि यानी 15 फरवरी 2026 के बाद प्राप्त होने वाले किसी भी दावे या आपत्ति पर विचार नहीं किया जाएगा। ऐसे में संबंधित विभागों को जल्द से जल्द रिकॉर्ड भेजने की जिम्मेदारी सौंपी गई है ताकि सेवानिवृत्त कर्मियों को विभाग के चक्कर न लगाने पड़ें। 

प्रशासन ने सभी विभागों को किया सूचित

यह पत्र बिहार के सभी अपर मुख्य सचिव, प्रधान सचिव, सचिव, विभागध्यक्ष, प्रमंडलीय आयुक्त, पुलिस महानिदेशक और मुख्यमंत्री सचिवालय समेत सभी आयोगों (BPSC को छोड़कर) को प्रेषित किया गया है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सचिवालय सेवा से जुड़े हर पात्र सेवानिवृत्त अधिकारी तक यह सूचना पहुँचे और उनकी फाइलें जल्द से जल्द क्लियर हों।