पाटलिपुत्र स्टेशन पर सिपाही भर्ती अभ्यर्थियों के हंगामा में रेल आईजी का बड़ा खुलासा, 500 पर एफआईआर, 6 गिरफ्तार
रेल आईजी अमरेश कुमार के अनुसार, बड़ी संख्या में अभ्यर्थी परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने के लिए रेलवे स्टेशन पहुंचे थे। कुछ अभ्यर्थियों ने ट्रेनों में भीड़ और पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने की शिकायत करते हुए रेलवे ट्रैक पर प्रदर्शन शुरू कर दिया।
Bihar Police Recruitment : बिहार में सिपाही भर्ती परीक्षा रविवार से शुरू हो गई। राज्यभर में 4,128 पदों के लिए आयोजित इस भर्ती परीक्षा में 16 लाख से अधिक अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं। परीक्षा के लिए 500 केंद्र बनाए गए हैं और यह प्रक्रिया 17 जून तक चलेगी। इस बीच परीक्षा के पहले दिन पटना के पाटलिपुत्र रेलवे स्टेशन पर अभ्यर्थियों के एक समूह ने ट्रेनों की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। रेलवे ट्रैक पर प्रदर्शन, ट्रेन रोकने और तोड़फोड़ की घटना के बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 500 अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है तथा 6 लोगों को गिरफ्तार किया है।
कैसे बिगड़ा माहौल
रेल आईजी अमरेश कुमार के अनुसार, बड़ी संख्या में अभ्यर्थी परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने के लिए रेलवे स्टेशन पहुंचे थे। कुछ अभ्यर्थियों ने ट्रेनों में भीड़ और पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने की शिकायत करते हुए रेलवे ट्रैक पर प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शन के दौरान कई ट्रेनों का परिचालन प्रभावित हुआ। मामले को लेकर पाटलिपुत्र जीआरपी थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है। रेल आईजी अमरेश कुमार ने बताया कि स्टेशन पर मधुबनी एक्सप्रेस और सीमांचल एक्सप्रेस पहले से लगी हुई थीं, जिनसे दरभंगा और मधुबनी क्षेत्र के अभ्यर्थियों को जाना था। बड़ी संख्या में छात्र इन ट्रेनों में सवार भी हो चुके थे।
उन्होंने कहा कि इसके बावजूद 200 से 300 की संख्या में कुछ छात्र स्टेशन पहुंचे और ट्रैक पर बैठकर स्पेशल ट्रेन की मांग करने लगे। अधिकारियों द्वारा उनकी मांग उच्च स्तर पर पहुंचाई गई, जिसके बाद अतिरिक्त स्पेशल ट्रेन चलाने की घोषणा की गई। रात करीब 2:10 बजे स्पेशल ट्रेन स्टेशन पर पहुंच भी गई, लेकिन तब तक स्थिति तनावपूर्ण हो चुकी थी। पथरवा में IG जितेन्द्र राणा घायल हो गए। उन्हें गर्दन पर चोट लगी है।
समझाने का प्रयास बेअसर
रेल आईजी अमरेश कुमार के अनुसार, पुलिस और प्रशासन ने छात्रों को समझाने का प्रयास किया। उन्होंने बताया कि डीजीपी स्तर पर भी इस मामले को लेकर चर्चा हुई थी और यह आश्वासन दिया गया था कि यदि किसी अभ्यर्थी की परीक्षा ट्रेन संबंधी कारणों से छूटती है तो उसके लिए पुनर्निर्धारित परीक्षा कराने पर विचार किया जाएगा। अधिकारियों ने यह भी कहा कि स्पेशल ट्रेन के माध्यम से अभ्यर्थियों को समय पर उनके गंतव्य तक पहुंचाया जा सकता था, लेकिन प्रदर्शनकारी छात्र अपनी मांगों पर अड़े रहे।
आंसू गैस के गोले छोड़े
स्थिति बिगड़ने पर रेलवे सुरक्षा बल और जिला पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा। प्रशासन के अनुसार, ट्रैक खाली कराने के लिए हल्का बल प्रयोग और आंसू गैस के गोले छोड़े गए, जिसके बाद हालात पर नियंत्रण पाया गया। फिलहाल रेलवे स्टेशन पर हुई घटना की जांच जारी है और पुलिस सीसीटीवी फुटेज तथा अन्य साक्ष्यों के आधार पर उपद्रव में शामिल लोगों की पहचान करने में जुटी है।
4,128 पदों पर सिपाही भर्ती परीक्षा
उधर, बिहार सिपाही भर्ती परीक्षा को लेकर प्रशासन ने व्यापक तैयारी की है। भर्ती प्रक्रिया के तहत कक्षपाल के 2,417 पद, मद्य निषेध सिपाही के 1,603 पद तथा चलंत दस्ता सिपाही के 108 पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी। परीक्षा के लिए प्रत्येक पाली में अलग-अलग प्रश्नपत्र और ओएमआर शीट तैयार की गई है। प्रश्नपत्र निर्धारित समय पर प्रशासनिक अधिकारियों, शिक्षकों और पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में खोले जाएंगे।
इसके बिना नहीं मिलेगा प्रवेश
अभ्यर्थियों के लिए फोटोयुक्त पहचान पत्र साथ लाना अनिवार्य किया गया है। बिना वैध पहचान पत्र के किसी भी उम्मीदवार को परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी। प्रशासन ने अभ्यर्थियों से समय से पहले परीक्षा केंद्र पहुंचने की अपील की है।
रंजीत एवं अभिजीत की रिपोर्ट