Bihar Weather: फरवरी में छूटे पसीने ! पटना में मौसम का अटैक, 2011 के बाद 2026 में फरवरी की सबसे गर्म रात, पारा जानकर रह जाएंगे दंग
Bihar Weather: बिहार के मौसम में बदलाव देखने को मिल रहा है। कई जिलों में कोहरे का असर अब भी बना हुआ है तो वहीं कई जिलों में दिन के समय तेज धूप परेशान कर रहा है। पटना में अब से ही रातें गर्म होने लगी है।
Bihar Weather: बिहार में इन दिनों मौसम का मिजाज स्थिर बना हुआ है। अगले कुछ दिनों तक मौसम में कोई खास बदलाव नहीं देखा गया है। वहीं राजधानी पटना में अब गर्मी लोगों को परेशान करने लगी है। 2011 के बाद 2026 में फरवरी की सबसे गर्म रात बुधवार को महसूस हुई है। बुधवार की सुबह कुछ इलाकों में हल्की धुंध जरूर देखी गई, लेकिन दिन चढ़ने के साथ ही आसमान साफ हो गया और तेज धूप खिली रही। तापमान में भी खास उतार-चढ़ाव नहीं देखा गया। पटना में अधिकतम तापमान करीब 29 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
2 से 3 डिग्री तक बढ़ेगा पारा
मौसम विभाग के अनुसार राज्य के कुछ जिलों में अगले 48 घंटे के बाद तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक वृद्धि हो सकती है। फरवरी के मध्य तक आमतौर पर बिहार में शुष्क मौसम बना रहता है। बारिश के लिए जरूरी नमी और सक्रिय मौसमी सिस्टम फिलहाल मौजूद नहीं हैं। पटना मौसम केंद्र के मुताबिक इस समय सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ का असर मुख्य रूप से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों तक ही सीमित है। जेट स्ट्रीम की स्थिति और नमी की कमी के कारण इसका प्रभाव बिहार तक मजबूत रूप से नहीं पहुंच पा रहा है। जिससे राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क बना हुआ है।
फरवरी की रातें गर्म
आंकड़ों पर नजर डालें तो फरवरी में तापमान बढ़ने का यह रुझान नया नहीं है। पिछले करीब 15 वर्षों में इस महीने में तापमान में लगातार बढ़ोतरी देखी गई है। उदाहरण के तौर पर वर्ष 2011 में पटना का न्यूनतम तापमान फरवरी में करीब 9 डिग्री सेल्सियस रहता था जबकि 2026 में यह बढ़कर 13.6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है। 2011 से 2026 के बीच पहली बार फरवरी में न्यूनतम तापमान 13.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। जिससे इस साल की रातें अपेक्षाकृत ज्यादा गर्म महसूस हो रही हैं।
पश्चिमी विक्षोभ कमजोर
मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि इस बार तापमान अधिक रहने की मुख्य वजह कमजोर पश्चिमी विक्षोभ, बारिश की कमी और हवाओं की दिशा में बदलाव है। साफ आसमान और बादलों की कमी के कारण दिन में तेज धूप पड़ रही है। जिससे गर्मी तेजी से बढ़ रही है और रातें भी सामान्य से थोड़ी अधिक गर्म महसूस हो रही हैं। विशेषज्ञ यह भी मानते हैं कि जलवायु परिवर्तन के प्रभाव से मौसमी सिस्टम में लगातार बदलाव देखने को मिल रहा है। जिसका असर तापमान के इस बढ़ते रुझान के रूप में सामने आ रहा है।