Bihar News: अगर सारी शराब बिक जाती तो... मोतिहारी जहरीली शराबकांड मामले में DGP का बड़ा बयान, मौत का मच सकता था तांडव

Bihar News: बिहार के मोतिहारी में जहरीली शराबकांड में अब तक 9 लोगों की जान जा चुकी है। इसको लेकर डीजीपी विनय कुमार ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि स्थिति इससे भी भयावह हो सकती थी।

विनय कुमार का बड़ा बयान - फोटो : reporter

Bihar News:  बिहार के मोतिहारी में जहरीली शराबकांड में अब तक 9 लोगों की मौत हो गई है। कई लोग अब भी इलाजरत हैं। इस घटना के सामने आने के बाद पुलिस एक्शन मोड में है। मोतिहार के आस पास सहित बिहार के सभी जिलों में छापेमारी की जा रही है। इस दौरान कई स्थानों से भारी मात्रा में शराब जब्त भी की जा रही है। इसी बीच बिहार डीजीपी विनय कुमार ने जहरीली शराब कांड को लेकर बड़ा बयान दिया है। डीजीपी ने कहा कि सही समय पर शराब की बरामदगी हो गई नहीं तो और अधिक मौतें हो सकती थी। 

डीजीपी का सख्त बयान 

डीजीपी विनय कुमार ने कहा कि, यह मामला बेहद दुखद है। उन्होंने कहा कि पुलिस ने बड़े पैमाने पर कार्रवाई करते हुए शराब को बरामद किया। शराब की बड़ी खेप बरामद की गई और सभी मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआईटी का गठन किया गया है और जांच जारी है।

और भी भयावह होती स्थिति

डीजीपी ने बताया कि, जांच में बड़ी मात्रा में मेथेनॉल बरामद हुआ है। डीजीपी के अनुसार करीब 1500 लीटर मेथेनॉल जब्त किया गया है। उन्होंने कहा कि अगर इसका इस्तेमाल हो जाता तो स्थिति और भयावह हो सकती थी। मामले में विधिसम्मत कार्रवाई की जा रही है। डीजीपी ने साफ कहा है कि इस मामले में सख्त कार्रवाई की जा रही है। बता दें कि मोतिहार में जहरीली शराब पीने से 9 लोगों की मौत हो गई। वहीं कई लोगों की हालत अब भी गंभीर है। 

जानलेवा साबित होता है मेथेनॉल 

गौरतलब हो कि, मेथेनॉल एक जहरीला पदार्थ है जो अक्सर अवैध या मिलावटी शराब में पाया जाता है। शराब में मेथेनॉल का होना अत्यंत घातक है और इससे मृत्यु भी हो सकती है। जब मेथेनॉल शरीर के अंदर जाता है, तो लीवर इसे फॉर्मिक एसिड (Formic Acid) में बदल देता है। यह एसिड कोशिकाओं के लिए अत्यधिक जहरीला होता है और शरीर के महत्वपूर्ण अंगों को काम करने से रोक देता है। मेथेनॉल के सेवन के बाद शुरुआत में यह सामान्य नशे जैसा लग सकता है, लेकिन कुछ घंटों बाद गंभीर सिरदर्द, चक्कर आना, उल्टी, पेट में तेज दर्द और सांस लेने में कठिनाई जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। स्थिति बिगड़ने पर व्यक्ति कोमा में जा सकता है और उसकी मौत भी हो सकती है।

पटना से रंजीत की रिपोर्ट