न सम्राट चौधरी, न निशांत कुमार, न ही दिलीप जायसवाल, विधायक आईपी गुप्ता ने बताया कौन होगा बिहार का अगला मुख्यमंत्री

सहरसा से विधायक और IIP प्रमुख आईपी गुप्ता ने यूपी के 40 जिलों में संगठन तैयार होने का दावा किया है। उन्होंने बिहार में 'झोला छाप' मुख्यमंत्री के बजाय ललन सिंह जैसे समाजवादी नेता को कमान सौंपने की वकालत की है।

Patna: सहरसा के विधायक और 'इंडियन एक्सक्लूसिव पार्टी' (IIP) के मुखिया आईपी गुप्ता इन दिनों अपनी पार्टी को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूत करने के मिशन में जुटे हैं। अपनी पार्टी के प्रथम वार्षिकोत्सव से पहले उन्होंने उत्तर प्रदेश की राजनीति में बड़े दखल के संकेत दिए हैं। साथ ही, बिहार के राजनीतिक भविष्य पर चर्चा करते हुए उन्होंने मुख्यमंत्री पद के लिए अपनी पसंद साफ कर दी है।

यूपी प्लान: 4 अप्रैल को झांसी में 'हेलीकॉप्टर लैंडिंग'

आईपी गुप्ता ने बताया कि उत्तर प्रदेश के 40 जिलों में उनकी पार्टी का संगठन पूरी तरह तैयार हो चुका है। विस्तार योजना साझा करते हुए उन्होंने कहा, "4 अप्रैल को मैं हेलीकॉप्टर से झांसी के 'बैचला' गांव जा रहा हूं, जो वीरांगना झलकारी बाई जी की जन्मभूमि है। वहां से हम मिशन यूपी की शुरुआत करेंगे।" उन्होंने एलान किया कि IIP 2026 में यूपी के नगर निकाय चुनाव और 2027 के विधानसभा चुनाव में अपनी पूरी ताकत झोंकेगी।

बिहार सीएम पर बयान: "झोला छाप मुख्यमंत्री नहीं चाहिए"

बिहार में नेतृत्व परिवर्तन की चर्चाओं पर आईपी गुप्ता ने तीखी और स्पष्ट टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि बिहार को किसी ऐसे व्यक्ति की जरूरत है जो जमीन से जुड़ा हो। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, "हमें बिहार के लिए झोला छाप मुख्यमंत्री नहीं चाहिए जो अचानक किसी झोले से निकल आए। भाजपा के पास सम्राट चौधरी, नित्यानंद राय और दिलीप जायसवाल जैसे नाम थे, लेकिन अब वहां कन्फ्यूजन दिख रहा है।"

ललन सिंह की वकालत और निशांत कुमार पर राय

आईपी गुप्ता ने बिहार के अगले मुख्यमंत्री के रूप में ललन सिंह के नाम का समर्थन किया। उन्होंने कहा, "ललन सिंह एक अनुभवी समाजवादी नेता हैं और बिहार को हमेशा समाजवादियों ने ही चलाया है। अगर भाजपा के पास विकल्प नहीं है, तो ललन सिंह को ही सीएम बना देना चाहिए।"

वहीं, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पुत्र निशांत कुमार की राजनीति में एंट्री पर उन्होंने कहा, "निशांत जी का राजनीति में आना अच्छी बात है, उन्हें पहले आना चाहिए था। लेकिन अभी बिहार के लोगों ने उन्हें काम करते नहीं देखा है। उन्हें खुद को कसौटी पर कसना होगा और अपने पिता द्वारा स्थापित बेंचमार्क को आगे ले जाना होगा।"

शिक्षक नेता मनीष कुमार सिंह पार्टी में शामिल

इस अवसर पर खगड़िया के दिग्गज शिक्षक नेता मनीष कुमार सिंह ने भी IIP की सदस्यता ग्रहण की। पिछले 25 वर्षों से शिक्षकों के हक की लड़ाई लड़ रहे मनीष सिंह ने कहा कि वे पार्टी की विचारधारा और वंचितों के प्रति समर्पण से प्रभावित होकर नई पारी की शुरुआत कर रहे हैं। 13 मार्च को बापू सभागार में आयोजित होने वाले पार्टी के वार्षिकोत्सव में उनकी जिम्मेदारी की आधिकारिक घोषणा की जाएगी।

Report - Ranjit