Bihar News : नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर मेयर सीता साहू ने पीएम मोदी का जताया आभार, कहा-‘अब महिलाएं केवल वोटर नहीं, बनेंगी देश की नीति निर्धारक’

PATNA : पटना नगर निगम मुख्यालय स्थित सभागार में सोमवार को महापौर सीता साहू एवं उप महापौर रेशमी कुमारी ने महिला पार्षदों के साथ "नारी शक्ति वंदन अधिनियम, 2023" के समर्थन में एक महत्वपूर्ण प्रेस वार्ता की। महिला सशक्तिकरण की दिशा में लागू किए गए इस कानून पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए महापौर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति आभार जताया। उन्होंने कहा कि यह पहल किसी राजनीतिक या व्यक्तिगत उ‌द्देश्य से नहीं, बल्कि राष्ट्रहित और महिलाओं की भागीदारी को सशक्त बनाने के लिए की गई है।

महिलाओं की भागीदारी से शासन होगा अधिक संवेदनशील और जवाबदेह- महापौर

महापौर सीता साहू ने कहा कि किसी भी समाज की प्रगति तभी संभव है, जब महिलाओं को निर्णय लेने की प्रक्रिया में बराबर की भागीदारी मिले। उन्होंने कहा कि जब महिलाएं नेतृत्व करती हैं, तो समाज में शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता, पोषण, जल, सुरक्षा और सामाजिक न्याय जैसे विषयों को अधिक प्राथमिकता मिलती है। पंचायतों और स्थानीय निकायों में महिलाओं की भागीदारी इसका सबसे बड़ा उदाहरण है, जहां महिला प्रतिनिधियों ने पानी, स्कूल, साफ-सफाई और स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

महिलाओं को केवल मतदाता नहीं, नीति निर्माता बनाने का संकल्प-महापौर

प्रेस वार्ता के दौरान महापौर ने कहा कि आज भारत में महिलाएं केवल मतदाता नहीं हैं, बल्कि वे छात्रा, उ‌द्यमी, प्रोफेशनल, वैज्ञानिक, अधिकारी और जनप्रतिनिधि के रूप में हर क्षेत्र में अपनी पहचान बना रही हैं। उन्होंने बताया कि 2024 तक देश में लगभग 47 करोड़ महिला मतदाता हैं और हाल के चुनावों में महिलाओं की मतदान प्रतिशत कई स्थानों पर पुरुषों से भी अधिक रही है। इसके बावजूद संसद और विधानसभाओं में महिलाओं की भागीदारी अभी भी अपेक्षाकृत कम है। ऐसे में नारी शक्ति वंदन अधिनियम महिलाओं को केवल वोटर नहीं, बल्कि नीति निर्धारक के रूप में स्थापित करेगा।

ऐतिहासिक होगा कानून 

उन्होंने कहा कि यह कानून ऐतिहासिक साबित होने जा रहा है और महिलाओं के लिए गर्व का विषय है कि 33% आरक्षण अब धरातल पर उतरने वाला है। मेयर ने कहा कि आने वाले विधानसभा और लोकसभा चुनाव में महिलाओं की भागीदारी और प्रतिनिधित्व दोनों बढ़ेंगे, जिससे आधी आबादी को सशक्त करने की दिशा में बड़ा कदम होगा। उन्होंने नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पटना नगर निगम की सभी महिला पार्षदों और बहनों की ओर से प्रधानमंत्री को अभिनंदन है। सीता साहू ने यह भी कहा कि 33% आरक्षण को लेकर महिलाओं में काफी उत्साह है और अभी भी महिला पार्षद नगर निगम में अपनी जिम्मेदारियों को बखूबी निभा रही हैं। 

योजनाओं का उल्लेख 

महापौर ने केंद्र सरकार की विभिन्न योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि उज्ज्वला योजना, जल जीवन मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, जन धन योजना, मुद्रा योजना, स्वयं सहायता समूह, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ और मातृत्व लाभ से जुड़ी योजनाओं ने महिलाओं के जीवन स्तर में व्यापक सुधार किया है। उन्होंने कहा, "अब आवश्यकता है कि महिलाएं केवल योजनाओं की लाभार्थी न रहकर नीति निर्माण की भी भागीदार बनें।"

यह महिला सशक्तिकरण के नए युग की शुरुआत है- उप महापौर

इस अवसर पर उप महापौर रेशमी कुमारी ने कहा कि यह अधिनियम देश की आधी आबादी को लोकतंत्र और शासन व्यवस्था में उचित प्रतिनिधित्व देने की दिशा में ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने कहा कि लोकसभा, राज्य विधानसभाओं तथा दिल्ली विधानसभा में महिलाओं के लिए एक-तिहाई सीटों का आरक्षण केवल एक संवैधानिक संशोधन नहीं, बल्कि महिला सशक्तिकरण के नए युग की शुरुआत है।

इनकी रही मौजूदगी

इस मौके पर पार्षद छठिया देवी (वार्ड-1), प्रभा देवी (वार्ड-3), ऊषा देवी (वार्ड-4), दीपा रानी खान (वार्ड-5), धनराज देवी (वार्ड-6), शारदा देवी (वार्ड 19), अनीता देवी (वार्ड 22), सुशीला कुमारी (वार्ड 22 ए), रानी कुमारी (वार्ड 27),  कावेरी सिंह (वार्ड 30), रजनी सिन्हा (वार्ड 43), पूनम शर्मा (वार्ड 46), किरण मेहता (वार्ड 53), तारा देवी (वार्ड 62), सुनीता देवी (वार्ड 68) एवं संध्या यादव (वार्ड 72) उपस्थित रहीं। 

वंदना की रिपोर्ट