Khan Sir:Khan Sir: खान ग्लोबल स्टडीज पर हमले में नया ट्वीस्ट! खान सर के बयान के पीछे दिखा फायरिंग वाला शख्स, दूसरे वीडियो में हथियार लहराते और गोली चलाते दिखने का दावा, बढ़ा सस्पेंस
Khan Sir: पटना के कोचिंग हब मुसल्लहपुर हाट में स्थित चर्चित खान ग्लोबल स्टडीज पर हुए हमले का मामला अब और ज्यादा पेचीदा और सनसनीखेज होता जा रहा है।
Khan Sir: पटना के कोचिंग हब मुसल्लहपुर हाट में स्थित चर्चित खान ग्लोबल स्टडीज पर हुए हमले का मामला अब और ज्यादा पेचीदा और सनसनीखेज होता जा रहा है। पथराव, तोड़फोड़ और मारपीट की घटना के बीच अब एक नया वीडियो सामने आने का दावा किया जा रहा है, जिसने पूरे घटनाक्रम को नए मोड़ पर ला खड़ा किया है। सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे वीडियो को लेकर दावा किया जा रहा है कि खान सर के बयान के दौरान उनके पीछे खड़ा दिखाई देने वाला एक व्यक्ति दूसरे वीडियो में कथित तौर पर फायरिंग करता नजर आ रहा है। हालांकि इस वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हो सकी है और इसकी सत्यता की जांच पुलिस द्वारा की जानी बाकी है।मंगलवार रात हुए हमले के बाद खान सर ने आरोप लगाया था कि उनकी कोचिंग पर हमला सुनियोजित तरीके से कराया गया। उनका कहना था कि कम फीस में शिक्षा उपलब्ध कराने और बड़ी संख्या में सफल परिणाम देने के कारण कुछ प्रतिस्पर्धी संस्थान उनसे नाराज थे। उन्होंने शुरुआती बयान में यह भी दावा किया था कि घटना के दौरान 8 से 10 राउंड गोलियां चलाई गईं। इस बयान के बाद पूरे पटना में हड़कंप मच गया था।हालांकि कुछ ही घंटों बाद खान सर अपने फायरिंग वाले बयान से पीछे हट गए। उन्होंने कहा कि घटना के समय माहौल बेहद तनावपूर्ण था और अफरा-तफरी में उन्हें स्थिति ठीक से समझ नहीं आ सकी। यही कारण है कि उनकी ओर से दर्ज कराई गई प्राथमिकी में भी गोलीबारी का कोई उल्लेख नहीं किया गया। दूसरी ओर पटना पुलिस ने भी अब तक की जांच में फायरिंग की किसी घटना की पुष्टि नहीं की है।
पुलिस जांच के अनुसार, विवाद की जड़ कम फीस नहीं बल्कि बिहार पुलिस सिपाही भर्ती परीक्षा के रिजल्ट को लेकर छिड़ी कथित ‘क्रेडिट वॉर’ और पोस्टर फाड़ने की घटना थी। पुलिस का कहना है कि स्थानीय लोगों से पूछताछ और सीसीटीवी फुटेज की जांच में यह सामने आया कि ज्ञान बिंदु कोचिंग से जुड़े 15 से 20 लोगों ने कथित तौर पर पथराव और तोड़फोड़ की घटना को अंजाम दिया था। जांच में अब तक किसी गोलीबारी की पुष्टि नहीं हुई है।
इसी बीच वायरल हो रहे नए वीडियो ने बहस को और तेज कर दिया है। वीडियो को लेकर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं। कुछ लोग इसे घटना से जोड़ रहे हैं, जबकि कुछ का कहना है कि वीडियो का समय, स्थान और परिस्थितियां स्पष्ट नहीं हैं। ऐसे में यह जांच का विषय है कि वीडियो वास्तव में उसी घटना से जुड़ा है या नहीं।
फिलहाल पटना पुलिस पूरे मामले की तह तक पहुंचने में जुटी है। वायरल वीडियो की तकनीकी जांच, सीसीटीवी फुटेज का मिलान और संबंधित व्यक्तियों की पहचान की प्रक्रिया जारी है। यदि वीडियो वास्तविक और घटना से जुड़ा पाया जाता है तो जांच की दिशा बदल सकती है। वहीं यदि यह भ्रामक या असंबंधित वीडियो हुआ तो अफवाह फैलाने वालों पर भी कार्रवाई हो सकती है। इस पूरे घटनाक्रम ने बिहार की कोचिंग इंडस्ट्री में चल रही प्रतिस्पर्धा, वर्चस्व की लड़ाई और बढ़ते तनाव को एक बार फिर चर्चा के केंद्र में ला दिया है। अब सबकी निगाहें पुलिस जांच पर टिकी हैं, जो तय करेगी कि सच क्या है सिर्फ पथराव और तोड़फोड़, या फिर वाकई पर्दे के पीछे कोई बड़ा राज छिपा है।