Bihar Flood:बाढ़ के खतरे पर प्रशासन अलर्ट, डीएम-एसएसपी ने संभाली कमान, 56 नावें तैयार

Bihar Flood: सारण जिले में बाढ़ की संभावित गंभीर स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है।

बाढ़ के खतरे पर प्रशासन अलर्ट- फोटो : reporter

Bihar Flood: सारण जिले में बाढ़ की संभावित गंभीर स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है। जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव के सख्त निर्देश पर प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों ने जिले के संवेदनशील इलाकों का ताबड़तोड़ स्थलीय निरीक्षण किया। मकसद साफ है आपदा आने से पहले तैयारी पुख्ता करना और जरूरत पड़ते ही प्रभावित लोगों तक राहत पहुंचाना।

छपरा सदर के कोटवा पट्टी रामपुर, बरहरा, मांझी, रायपुर और बिनगांव, दिघवारा के दियारा क्षेत्र अकिलपुर, गरखा के मौजमपुर, इटवा व श्रीपाल बसंत तथा रिविलगंज के दलिया और रहीमपुर में अधिकारियों ने बाढ़ के हालात का जायजा लिया। वहीं सोनपुर प्रखंड को सबसे संवेदनशील मानते हुए सबलपुर के विभिन्न हिस्सों समेत नजरमीरा, शाहपुर, खरीका, घरपुरा, गंगाजल, कसमर, सैदपुर, हासिलपुर, रसूलपुर, सितापुर और कल्याणपुर तक निरीक्षण किया गया।

सोनपुर में डीएम वैभव श्रीवास्तव और वरीय पुलिस अधीक्षक रौशन कुमार ने संयुक्त रूप से ग्रामीण इलाकों का दौरा किया। अधिकारियों ने स्थानीय लोगों से संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं और त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। अन्य प्रखंडों में भी वरीय अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर व्यवस्था की समीक्षा की।

प्रशासन ने राहत-बचाव के संसाधन पहले से उपलब्ध करा दिए हैं। सोनपुर को 1,000 और दिघवारा को 500 पॉलीथिन शीट दी गई हैं। सोनपुर को महाजाल, 25 लाइफ जैकेट और 15 लाइफ बॉय उपलब्ध कराए गए हैं। अन्य प्रभावित प्रखंडों में भी लाइफ जैकेट और लाइफ बॉय बांटे गए हैं।

जलभराव और आपात निकासी के लिए कुल 56 नावें चलाई जा रही हैं सोनपुर में 25, छपरा सदर में 16, दिघवारा में 9 और रिविलगंज में 6 नावें। जरूरत के अनुसार नावों की संख्या बढ़ाने के निर्देश हैं।डीएम ने सामुदायिक रसोई, सुरक्षित आश्रय स्थल, राहत सामग्री, शुद्ध पेयजल और स्वच्छता की व्यवस्था हर हाल में सुनिश्चित करने को कहा है। प्रशासन का दावा है कि बाढ़ की स्थिति में एक-एक नागरिक की सुरक्षा और समय पर मदद सर्वोच्च प्राथमिकता होगी।

रिपोर्ट- धर्मेंद्र रस्तोगी