राष्ट्रीय लोक अदालत की तैयारियों को लेकर न्यायिक अधिकारियों की बैठक, 1800 से अधिक मामलों में नोटिस जारी

राष्ट्रीय लोक अदालत की तैयारियों को लेकर न्यायिक अधिकारियों की बैठक- फोटो : विनय कुमार मिश्रा

Supaul : आगामी 12 सितंबर को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल और प्रभावी आयोजन को लेकर सोमवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA) के तत्वावधान में न्यायिक अधिकारियों की एक महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश के निर्देश पर आयोजित इस बैठक की अध्यक्षता जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव मोहम्मद अफजल आलम ने की।

बैठक में मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी (CJM) रामचंद्र प्रसाद सहित न्यायमंडल के अन्य न्यायिक पदाधिकारी एवं न्यायिक दंडाधिकारी उपस्थित रहे। इस दौरान राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक लंबित मामलों के निष्पादन के लिए की जा रही तैयारियों की गहन समीक्षा की गई।


1800 से अधिक मामलों में भेजे जा चुके हैं नोटिस

बैठक के दौरान न्यायालयों में लंबित सुलहनीय एवं आपसी समझौते योग्य मुकदमों की पहचान कर उन्हें लोक अदालत में सूचीबद्ध करने तथा संबंधित पक्षकारों को समय पर नोटिस जारी करने पर विशेष बल दिया गया। प्राधिकरण कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, अब तक 1800 से अधिक चिन्हित मामलों में नोटिस निर्गत किए जा चुके हैं। आगामी लोक अदालत में इन मामलों का आपसी सहमति से निशुल्क, सुलभ और स्थायी समाधान कराने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।


शीघ्र और सुलभ न्याय का सशक्त माध्यम

सचिव मोहम्मद अफजल आलम ने सभी न्यायिक पदाधिकारियों से आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए लोक अदालत को सफल बनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से पक्षकारों को त्वरित, सरल और कम खर्च में न्याय मिलता है। इससे न केवल मुकदमों का बोझ कम होता है, बल्कि पक्षकारों के बीच आपसी सामंजस्य भी बना रहता है।


बैठक में लोक अदालत के व्यापक प्रचार-प्रसार तथा पक्षकारों को समय पर सूचना उपलब्ध कराने पर बल दिया गया, ताकि 12 सितंबर को अधिकतम मामलों का निष्पादन सुनिश्चित किया जा सके।

विनय कुमार मिश्र की रिपोर्ट