Bihar Crime: मारपीट के एक दिन बाद घूसकांड में फंसे BDO, आवास पर निगरानी ने रुपए लेते रंगेहाथ दबोचा

Bihar Crime: प्रखंड विकास पदाधिकारी मंगलवार की सुबह निगरानी विभाग के शिकंजे में आ गए।...

घूस लेते बीडीओ गिरफ्तार- फोटो : reporter

Bihar Crime: बांका फुल्लीडुमर प्रखंड के प्रखंड विकास पदाधिकारी  अमित प्रताप सिंह मंगलवार की सुबह निगरानी विभाग के शिकंजे में आ गए। निगरानी की टीम ने उन्हें बांका स्थित नेहरू कॉलोनी के आवास से कथित तौर पर घूस लेते गिरफ्तार किया। सरकारी अधिकारी की गिरफ्तारी की खबर फैलते ही प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया।

जानकारी के मुताबिक, निगरानी विभाग को बीडीओ अमित प्रताप सिंह के खिलाफ रिश्वत मांगने की शिकायत मिली थी। शिकायत मिलने के बाद विभाग ने मामले का सत्यापन कराया। आरोप सही पाए जाने के बाद निगरानी टीम ने मंगलवार की सुबह योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई की और बीडीओ को उनके आवास पर कथित तौर पर घूस लेते हुए गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तारी के बाद निगरानी विभाग की टीम मामले में आगे की कार्रवाई में जुटी है। कार्रवाई के दौरान क्या बरामदगी हुई और किस काम के एवज में रिश्वत मांगी गई थी, इसकी विस्तृत जानकारी का इंतजार है। निगरानी विभाग की जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की तस्वीर और साफ हो सकेगी।बीडीओ अमित प्रताप सिंह की गिरफ्तारी इसलिए भी चर्चा में है, क्योंकि एक दिन पहले ही उनके साथ मारपीट की घटना सामने आई थी। बताया गया था कि बीडीओ के कार्यालय कक्ष में जन्म प्रमाण पत्र बनाने के दबाव को लेकर पूर्व मुखिया ने उनके साथ मारपीट की थी।

घटना के बाद बीडीओ को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था। मामला सामने आने के बाद प्रशासनिक महकमे में भी इसकी चर्चा रही। लेकिन घटना के ठीक अगले दिन निगरानी विभाग की कार्रवाई ने पूरे मामले को नया मोड़ दे दिया है।एक तरफ जहां बीडीओ के साथ मारपीट की घटना को लेकर सवाल उठ रहे थे, वहीं दूसरी ओर अगले ही दिन उनके खिलाफ कथित रिश्वतखोरी की शिकायत पर निगरानी की कार्रवाई ने प्रशासनिक व्यवस्था में भ्रष्टाचार और अधिकारियों की जवाबदेही को लेकर बहस छेड़ दी है।

फिलहाल निगरानी विभाग की टीम गिरफ्तार बीडीओ से जुड़े मामले की आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी कर रही है। यह भी जांच का विषय होगा कि रिश्वत की शिकायत किस मामले से संबंधित थी और कथित तौर पर कितनी रकम का लेनदेन किया जा रहा था।बीडीओ की गिरफ्तारी के बाद अब निगाहें निगरानी विभाग की विस्तृत जांच और आधिकारिक खुलासे पर टिकी हैं। एक दिन पहले मारपीट और अगले दिन निगरानी के शिकंजे में गिरफ्तारी ने फुल्लीडुमर से लेकर बांका के प्रशासनिक गलियारों तक हलचल पैदा कर दी है।

चंद्रशेखर कुमार भगत कि रिपोर्ट