लोकसभा में भारी हंगामा: राहुल की स्पीच पर राजनाथ-अमित शाह का कड़ा ऐतराज... स्पीकर ओम बिरला की सख्त टिप्पणी

राहुल गांधी द्वारा लोकसभा में पूर्व आर्मी चीफ एमएम नरवणे की किताब/रिपोर्ट का जिक्र करते ही हंगामा हो गया जिसे लेकर अमित शाह और राजनाथ सिंह ने सरकार की ओर से राहुल पर पलटवार किया

Rahul Gandhi- फोटो : news4nation

Rahul Gandhi : संसद में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव के दौरान सोमवार को उस वक्त भारी हंगामा हो गया जब नेता विपक्ष राहुल गांधी ने अपनी स्पीच की शुरुआत करते ही पूर्व आर्मी चीफ एमएम नरवणे की किताब/रिपोर्ट का जिक्र किया। राहुल गांधी ने कहा कि उनके पास नरवणे की किताब में लिखी बातें हैं, जिन्हें पढ़कर यह समझ आ जाएगा कि “कौन देशभक्त है और कौन नहीं।” राहुल के इतना कहते ही सत्ता पक्ष की ओर से विरोध शुरू हो गया और लोकसभा में शोरगुल बढ़ गया।


राहुल गांधी ने क्या कहा?

राहुल गांधी ने सदन में कहा कि “नरवणे की किताब में लिखा है कि डोकलाम में 4 चीनी टैंक भारत की धरती पर आ रहे थे, वे सिर्फ करीब 100 मीटर दूर थे।” राहुल गांधी के इस बयान के बाद हंगामा और तेज हो गया।


राजनाथ सिंह ने उठाया सवाल

राहुल के बयान पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह तुरंत खड़े हो गए और कहा कि अगर ये बातें प्रकाशित हुई हैं तो राहुल गांधी उसका स्पष्ट उल्लेख करें, अन्यथा इसे छोड़ दें। राजनाथ सिंह ने कहा, “राहुल जी बताएं कि यह प्रकाशित हुआ है या नहीं, केवल इतना बताएं।”


स्पीकर ओम बिरला की सख्त टिप्पणी

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने राहुल गांधी को नियमों का हवाला देते हुए कहा कि सदन में बात रखते समय ऑथेंटिक (प्रमाणिक) तरीके से प्रस्तुत किया जाए। ओम बिरला ने कहा, “आप सदन में नेता विपक्ष हैं। नियम के अनुसार चलें।”


राहुल का जवाब: “100% ऑथेंटिक”

राहुल गांधी ने जवाब देते हुए कहा कि यह बात “सौ प्रतिशत ऑथेंटिक” है। उन्होंने दावा किया कि नरवणे की किताब में प्रधानमंत्री और रक्षा मंत्री का भी जिक्र है और वे वही पढ़ रहे हैं।


अमित शाह ने कहा- यह मैगजीन रिपोर्ट है

इस बीच गृह मंत्री अमित शाह ने राहुल गांधी के दावे पर आपत्ति जताई और कहा कि यह किसी मैगजीन की रिपोर्ट है, नरवणे ने ऐसा नहीं कहा है। अमित शाह ने कहा, “मैगजीन कुछ भी लिख सकता है।”


“किताब प्रकाशित नहीं हुई” – राजनाथ सिंह

राजनाथ सिंह ने सदन में कहा कि राहुल जिस किताब का जिक्र कर रहे हैं वह प्रकाशित ही नहीं हुई है, इसलिए उसका हवाला नहीं दिया जा सकता। वहीं, राहुल गांधी ने पलटवार करते हुए कहा कि नरवणे की किताब को प्रकाशित नहीं करने दिया गया।


स्पीकर की रूलिंग: अखबार की कटिंग के अलावा कुछ नहीं

ओम बिरला ने कहा कि सदन में केवल अखबार की कटिंग/प्रकाशित सामग्री ही रखी जा सकती है, इसके अलावा कोई अन्य चीज नहीं। इसके बाद अध्यक्ष ने माइक का कंट्रोल बंद करने का निर्देश भी दिया। वहीं अखिलेश यादव ने राहुल का समर्थन किया . हंगामे के बीच सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि चीन का मुद्दा संवेदनशील है और अगर यह राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा है तो राहुल गांधी को पढ़ने दिया जाना चाहिए।


किरण रिजिजू बोले- अध्यक्ष रूलिंग दे चुके हैं

संसदीय कार्य मंत्री किरण रिजिजू ने कहा कि अध्यक्ष रूलिंग दे चुके हैं, इसके बावजूद राहुल गांधी लगातार पढ़ रहे हैं, “ऐसे कैसे चलेगा?”


सदन में तनावपूर्ण माहौल

इस पूरे घटनाक्रम के दौरान लोकसभा में एनडीए और विपक्ष के सांसदों के बीच जोरदार नोकझोंक हुई। सत्ता पक्ष ने राहुल गांधी के बयान को नियमों के खिलाफ बताया, जबकि विपक्ष ने इसे राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा मुद्दा बताकर चर्चा की मांग की। अंत में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने दोहराया कि सदन में अपनी बात रखने का अधिकार है, लेकिन नियमों के तहत।