PT Usha Husband Passed Away: पी टी उषा पर टूटा दुखों का पहाड़, 67 साल में पति वी श्रीनिवासन का निधन, संसद सत्र के कारण दिल्ली में थी 'गोल्डन गर्ल'
PT Usha Husband Passed Away: भारतीय ओलंपिक संघ की अध्यक्ष और राज्यसभा सदस्य पी टी उषा के पति वी श्रीनिवासन का निधन हो गया है। अचानक पति के मौत से पीटी उषा के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
PT Usha Husband Passed Away: भारतीय ओलंपिक संघ की अध्यक्ष और राज्यसभा सदस्य पी टी उषा पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। पीटी उषा संसद सत्र में शामिल होने के लिए दिल्ली में मौजूद थी तभी उन्हें ऐसी खबर मिली जो उनके पैरों तले जमीन को खींच ली। जानकारी अनुसार 67 साल के उम्र में पीटी उषा के पति ने दुनिया को अलविदा कह दिया है। उनके पति वी. श्रीनिवासन का शुक्रवार को निधन हो गया। पारिवारिक सूत्रों के अनुसार, 67 वर्षीय श्रीनिवासन शुक्रवार तड़के अपने आवास पर अचानक बेहोश हो गए। उन्हें तत्काल नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टर उन्हें बचा नहीं सके।
डिप्टी सुपरिंटेंडेंट पद से हुए थे सेवानिवृत्त
वी. श्रीनिवासन केरल के पोंनानी स्थित वेंगली थरवाड़ के निवासी थे। वह केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) में डिप्टी सुपरिंटेंडेंट के पद से सेवानिवृत्त हुए थे। उन्होंने वर्ष 1991 में दिग्गज एथलीट पी टी उषा से विवाह किया था। इस दंपति का एक पुत्र है, जिसका नाम उज्ज्वल है। श्रीनिवासन के निधन की खबर से खेल, राजनीतिक और प्रशासनिक जगत में शोक की लहर दौड़ गई।
पीएम मोदी ने की बात
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय खेल मंत्री, भारतीय ओलंपिक संघ (IOA) के अधिकारियों और कई पूर्व एथलीटों ने उनके निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। प्रधानमंत्री मोदी ने पी टी उषा से फोन पर बातचीत कर उन्हें सांत्वना दी। करीबी लोगों के अनुसार, केंद्र सरकार के पूर्व कर्मचारी रहे वी. श्रीनिवासन, पी टी उषा के शानदार खेल करियर और बाद में उनके राजनीतिक सफर के दौरान हमेशा उनके साथ मजबूती से खड़े रहे। उन्हें उषा की कई पेशेवर उपलब्धियों के पीछे एक प्रेरक शक्ति और मजबूत संबल के रूप में जाना जाता था।
दिल्ली में मौजूद थीं पीटी उषा
वहीं घटना के समय पी टी उषा दिल्ली में संसद सत्र में भाग लेने के कारण घर पर मौजूद नहीं थीं। गौरतलब है कि पी टी उषा भारतीय एथलेटिक्स की महानतम धावकों में शुमार हैं। ‘पय्योली एक्सप्रेस’ और ‘गोल्डन गर्ल’ के नाम से मशहूर उषा ने एशियाई खेलों और एशियाई एथलेटिक्स चैंपियनशिप में कई स्वर्ण पदक जीते हैं। वहीं, 1984 के लॉस एंजिल्स ओलंपिक में 400 मीटर बाधा दौड़ में वह महज एक सौवें सेकंड से कांस्य पदक से चूक गई थीं।