Ram Mandir Scam : राम मंदिर चंदा चोरी पर बोलीं साध्वी ऋतंभरा, कहा--'भगवान के धन पर गिद्ध दृष्टि रखना दुर्भाग्यपूर्ण, मिले ऐसा कड़ा दंड कि कोई सोच भी न सके'

Ram Mandir Scam : राम मंदिर चन्दा चोरी विवाद को लेकर पहली बार साध्वी ऋतंभरा ने पहली बार प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा की -दोषियों को कड़ी सजा मिलनी चाहिये.........पढ़िए आगे

साध्वी की चंदा चोरी पर प्रतिक्रिया - फोटो : SOCIAL MEDIA

N4N DESK : राम मंदिर चंदे में गड़बड़ी और चोरी के आरोपों को लेकर प्रसिद्ध कथावाचक और राम मंदिर आंदोलन की प्रमुख चेहरा रहीं साध्वी ऋतंभरा ने गहरी नाराजगी और दुख व्यक्त किया है। उन्होंने इस पूरे प्रकरण को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि भगवान राम के धन पर इस तरह 'गिद्ध दृष्टि' रखना बेहद शर्मनाक है और इस घटना ने हम सबको भीतर तक झकझोर और शर्मिंदा कर दिया है।

साध्वी ऋतंभरा ने सदियों के लंबे संघर्ष और बलिदानों को याद करते हुए कहा कि राम मंदिर के लिए लोगों ने 500 वर्षों तक निरंतर संघर्ष किया। इस पुनीत कार्य के लिए हमारे पूर्वजों ने अपने प्राणों तक की आहुति दे दी। इसके बाद देश की आम जनता ने अपनी श्रद्धा और सामर्थ्य के अनुसार अपना धन मंदिर निर्माण के लिए समर्पित किया। ऐसे में, उन पूर्वजों के तप और भक्तों के दान का आदर करने के बजाय, उस पावन धन पर गिद्ध जैसी नजर रखना हमारे समाज की बहुत बड़ी विडंबना है।

अपनी चुप्पी को लेकर उठ रहे सवालों पर भी साध्वी ने खुलकर अपनी बात रखी। उन्होंने स्पष्ट किया कि कई लोग यह कह रहे हैं कि 'ऋतंभरा इस पूरे चंदा विवाद और चोरों पर मौन साधे बैठी हैं।' लेकिन ऐसा बिल्कुल नहीं है। उन्होंने भावुक होकर कहा, "इस अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण घटना पर अब मैं क्या बोलूँगी? इस दुखद परिस्थिति पर केवल रोया ही जा सकता है।" उन्होंने कहा कि इस घटना ने न केवल उन्हें बल्कि हर सच्चे रामभक्त को पूरी तरह स्तब्ध कर दिया है। साध्वी ऋतंभरा ने इस तरह के कृत्य करने वालों के लिए कठोरतम सजा की मांग की। उन्होंने कहा कि जो होना था वह तो घटित हो गया है, लेकिन अब आगे के लिए ऐसी अभेद्य व्यवस्था बनाई जानी चाहिए और दोषियों को ऐसा कड़ा दंड दिया जाना चाहिए ताकि कोई भी व्यक्ति भविष्य में भूल से भी ऐसा संगीन अपराध करने की हिम्मत न कर सके।

उन्होंने एक सकारात्मक दृष्टिकोण रखते हुए कहा कि कई बार जब जीवन में कोई बड़ी ठोकर लगती है, तभी व्यक्ति सचेत और सावधान होता है। इस अप्रिय घटना से सबक लेकर अब और अधिक सुरक्षात्मक व पारदर्शी व्यवस्था का निर्माण किया जाएगा। उन्हें पूरी उम्मीद है कि जल्द ही ऐसी पुख्ता प्रणाली तैयार होगी जिससे आगे कभी भी इस तरह की विसंगति दोबारा सामने नहीं आ सकेगी।