Bihar Teacher Transfer: 12 जिलों के शहरी स्कूलों में अब नो पोस्टिंग का शिक्षा विभाग का फरमान, सरप्लस शिक्षकों का होगा तबादला, 15 जुलाई के बाद ट्रांसफर-पोस्टिंग प्रक्रिया होगी शुरू
Bihar Teacher Transfer: 12 जिलों के शहरी इलाकों में स्थित सरकारी स्कूलों में अब नए शिक्षकों की पोस्टिंग पर लगभग विराम लगने वाला है।
Bihar Teacher Transfer:बिहार की शिक्षा व्यवस्था में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। सिवान, बक्सर, पटना, कैमूर समेत 12 जिलों के शहरी इलाकों में स्थित सरकारी स्कूलों में अब नए शिक्षकों की पोस्टिंग पर लगभग विराम लगने वाला है। शिक्षा विभाग ने साफ कर दिया है कि जहां पहले से मानक से अधिक शिक्षक तैनात हैं, वहां नई नियुक्ति या पोस्टिंग नहीं होगी। अब विभाग का पूरा फोकस सरप्लस शिक्षकों का तबादला कर उन्हें उन स्कूलों में भेजने पर है, जहां शिक्षकों की भारी कमी है।
विभाग के आंकड़ों के मुताबिक इन 12 जिलों में करीब 27 हजार स्कूल हैं, जिनमें 80 हजार से अधिक शिक्षक कार्यरत हैं। इनमें लगभग 15 हजार स्कूल शहरी क्षेत्रों में हैं, जहां शिक्षकों की संख्या तय मानकों से कहीं ज्यादा है। नए नियम के अनुसार 60 छात्रों पर केवल 2 और 120 छात्रों पर अधिकतम 4 शिक्षक ही तैनात किए जा सकते हैं। लेकिन कई शहरी स्कूलों में यह अनुपात काफी अधिक है, जिससे व्यवस्था असंतुलित हो गई है।
इसी असंतुलन को दूर करने के लिए शिक्षा विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि अब अतिरिक्त शिक्षकों को हटाकर ग्रामीण और दूरदराज़ के उन विद्यालयों में भेजा जाएगा, जहां बच्चों की पढ़ाई शिक्षकों की कमी के कारण प्रभावित हो रही है। विभाग का कहना है कि यह कदम शिक्षा व्यवस्था में इंसाफ और संतुलन कायम करने की दिशा में अहम साबित होगा।विभाग ने यह भी तय किया है कि तबादले की प्रक्रिया में दिव्यांग और गंभीर बीमारी से जूझ रहे शिक्षकों को सबसे पहले प्राथमिकता दी जाएगी। इसके बाद रिक्त पदों के अनुसार अन्य शिक्षकों को विकल्प दिया जाएगा। शिक्षा विभाग का मानना है कि वर्षों से शहरी स्कूलों में शिक्षकों की भीड़ और ग्रामीण इलाकों में कमी की समस्या अब खत्म होगी। यह फैसला केवल तबादलों का नहीं, बल्कि पूरे राज्य में शिक्षा की गुणवत्ता को संतुलित और मजबूत बनाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार, 15 जुलाई के बाद ट्रांसफर-पोस्टिंग प्रक्रिया शुरू होने की संभावना है। फिलहाल सभी 38 जिलों में रेशनलाइजेशन और रिक्त पदों का आकलन किया जा रहा है। अब तक पहले चरण में 13 हजार शिक्षकों का रेशनलाइजेशन पूरा हो चुका है, जबकि करीब 22 हजार अतिरिक्त शिक्षकों का समायोजन अभी बाकी है।