Private part hygiene: प्राइवेट पार्ट की सफाई में न करें ये गलती! संक्रमण से बचने के आसान तरीके जानें

Private part hygiene: प्राइवेट पार्ट की सही सफाई क्यों जरूरी है? जानिए महिलाओं और पुरुषों के लिए पर्सनल हाइजीन के आसान तरीके और संक्रमण से बचने के जरूरी उपाय।

Private part hygiene: स्किन केयर और ग्रूमिंग पर हम काफी ध्यान देते हैं। चेहरे और शरीर की सफाई के लिए कई तरह के प्रोडक्ट इस्तेमाल करते हैं। लेकिन शरीर के निजी अंगों की सफाई भी उतनी ही जरूरी है। सही पर्सनल हाइजीन रखने से पसीना, गंदगी और बैक्टीरिया जमा होने से बच सकते हैं और संक्रमण, जलन व बदबू जैसी परेशानियों का खतरा कम किया जा सकता है।

पर्सनल हाइजीन क्यों जरूरी है?

निजी अंगों की ठीक से सफाई न करने पर जलन, खुजली, बदबू और संक्रमण जैसी समस्याएं हो सकती हैं। महिलाओं में बहुत ज्यादा सफाई करना या तेज खुशबू वाले साबुन और दूसरे केमिकल वाले प्रोडक्ट का इस्तेमाल करना परेशानी बढ़ा सकता है। खासकर वजाइना के अंदर सफाई करने की जरूरत नहीं होती। वजाइनल डूशिंग से शरीर का प्राकृतिक संतुलन बिगड़ सकता है और संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है।

पुरुषों के लिए भी नियमित सफाई जरूरी है। जिन पुरुषों का फोरस्किन होता है, उन्हें उसे धीरे से पीछे करके अंदर के हिस्से को साफ करना चाहिए। सफाई के बाद उस जगह को अच्छी तरह सुखाना भी जरूरी है। ऐसा न करने पर वहां गंदगी और नमी जमा हो सकती है, जिससे संक्रमण हो सकता है।

महिलाओं को कैसे रखनी चाहिए सफाई?

महिलाओं को निजी अंग के बाहरी हिस्से यानी वल्वा की सफाई पर ध्यान देना चाहिए। इसके लिए साफ पानी काफी है। अगर साबुन का इस्तेमाल करना हो तो हल्का और बिना खुशबू वाला साबुन इस्तेमाल किया जा सकता है। वजाइना के अंदर साबुन या किसी तरह का केमिकल प्रोडक्ट नहीं डालना चाहिए। टॉयलेट के बाद सफाई करते समय आगे से पीछे की ओर पोंछना बेहतर माना जाता है। इससे मल वाले हिस्से के बैक्टीरिया के पेशाब या निजी अंगों तक पहुंचने का खतरा कम हो सकता है। पीरियड्स के दौरान पैड को लंबे समय तक इस्तेमाल करने से बचना चाहिए और उसे उसकी जरूरत के अनुसार नियमित रूप से बदलना चाहिए। टैम्पोन और मेंस्ट्रुअल कप का इस्तेमाल हमेशा उनके साथ दिए गए निर्देशों के अनुसार करना चाहिए।

पुरुषों के लिए भी रोजाना सफाई जरूरी

पुरुषों को रोज नहाते समय निजी अंगों की सफाई करनी चाहिए। अगर फोरस्किन है तो उसे धीरे से पीछे करके अंदर के हिस्से को पानी से साफ करें और फिर अच्छी तरह सुखाएं। सफाई के दौरान ज्यादा रगड़ने या तेज केमिकल वाले प्रोडक्ट इस्तेमाल करने से बचना चाहिए।

अंडरवियर और कपड़ों का भी रखें ध्यान

सिर्फ निजी अंगों की सफाई ही काफी नहीं है। रोज साफ अंडरवियर पहनना भी जरूरी है। सूती और आरामदायक अंडरवियर पसीना और नमी कम रखने में मदद कर सकता है। वर्कआउट, खेल या तैराकी के बाद गीले कपड़ों में ज्यादा देर तक नहीं रहना चाहिए। गीले और पसीने वाले कपड़ों में लंबे समय तक रहने से त्वचा में जलन और रैश जैसी परेशानी हो सकती है।

संबंध बनाने के बाद क्या करें?

यौन संबंध के बाद पेशाब करना कुछ लोगों में यूरिनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन यानी UTI के खतरे को कम करने में मदद कर सकता है। हालांकि, यह UTI से बचने की पूरी गारंटी नहीं है। पर्याप्त पानी पीना और सफाई का ध्यान रखना भी जरूरी है। अगर निजी अंगों में लगातार खुजली, जलन, असामान्य बदबू, दर्द, घाव, असामान्य डिस्चार्ज या पेशाब करते समय दर्द जैसी समस्या हो तो खुद से दवा लेने के बजाय डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए। सही पर्सनल हाइजीन के लिए महंगे प्रोडक्ट की जरूरत नहीं होती। नियमित सफाई, सूखे और साफ कपड़े, सही तरीके से टॉयलेट के बाद सफाई और शरीर में होने वाले बदलावों पर ध्यान देना ज्यादा महत्वपूर्ण है।