भारत में आधी रात कांपी धरती, आए कई झटके, घर छोड़ कर भागने लगे लोग

Earthquake: भारत से लेकर अफगानिस्तान तक आधी रात धरती के डोलने से खलबली मच गई।...

Earthquake Tremors
भारत में आधी रात कांपी धरती- फोटो : reporter

Earthquake: भारत से लेकर अफगानिस्तान तक आधी रात धरती के डोलने से खलबली मच गई। 1 सितंबर 2026 की शुरुआत भूकंप के झटकों के साथ हुई। अफगानिस्तान में एक के बाद एक कई बार भूकंप आया, जबकि भारत के जम्मू-कश्मीर और सिक्किम में भी धरती हिलने के झटके महसूस किए गए। हालांकि राहत की बात यह है कि अभी तक किसी भी जगह से जानमाल के नुकसान की खबर सामने नहीं आई है।

नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी यानी NCS के मुताबिक, अफगानिस्तान में पहला भूकंप रात 1 बजकर 6 मिनट पर आया। रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 4.4 मापी गई। भूकंप का केंद्र धरती के भीतर करीब 132 किलोमीटर की गहराई में था। आधी रात के सन्नाटे में आए इस झटके ने लोगों को सकते में डाल दिया।

इसके बाद अफगानिस्तान में भूकंप का सिलसिला थमा नहीं। रात 3 बजकर 14 मिनट पर दूसरा झटका महसूस किया गया। इसकी तीव्रता 3.7 रही और भूकंप का केंद्र जमीन के भीतर करीब 127 किलोमीटर की गहराई में था। NCS के अनुसार यह भूकंप फैजाबाद से करीब 99 किलोमीटर दक्षिण-पूर्व में आया।

दूसरे झटके के कुछ ही मिनट बाद अफगानिस्तान में फिर धरती हिली। रात 3 बजकर 31 मिनट पर आए तीसरे भूकंप की तीव्रता 4.2 दर्ज की गई। इसका केंद्र काबुल से करीब 105 किलोमीटर पूर्व में बताया गया। लगातार आए इन झटकों ने अफगानिस्तान में लोगों की बेचैनी बढ़ा दी।

भारत में कांपी धरती

अफगानिस्तान के साथ भारत के कुछ हिस्से भी भूकंप के झटकों से अछूते नहीं रहे। जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ में रात 1 बजकर 54 मिनट पर भूकंप आया। रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 2.4 मापी गई। कम तीव्रता के इस भूकंप के बावजूद आधी रात को धरती हिलने से लोगों में दहशत का माहौल बन गया।

वहीं सिक्किम के मंगन में भी रात के वक्त भूकंप के झटके महसूस किए गए। यहां रात 1 बजकर 48 मिनट पर धरती हिली और भूकंप की तीव्रता 3.9 दर्ज की गई। फिलहाल यहां भी किसी तरह के नुकसान की सूचना नहीं है।

आधी रात भूकंप ने उड़ाई नींद

आधी रात से लेकर तड़के तक आए इन भूकंपों ने कई इलाकों में लोगों की नींद उड़ा दी। अचानक धरती हिलने से लोग घबरा गए और कई जगह लोग एहतियातन घरों से बाहर निकल आए। हालांकि शुरुआती जानकारी के मुताबिक अफगानिस्तान से लेकर जम्मू-कश्मीर और सिक्किम तक किसी बड़े नुकसान की खबर नहीं है।

फिलहाल प्रशासन और संबंधित एजेंसियां हालात पर नजर बनाए हुए हैं। भूकंप के केंद्र, तीव्रता और संभावित आफ्टरशॉक्स को लेकर विस्तृत जानकारी का इंतजार है। आधी रात में लगातार आए भूकंप के झटकों ने एक बार फिर हिमालयी क्षेत्र और उसके आसपास की भूकंपीय सक्रियता को लेकर चिंता बढ़ा दी है।