Bihar News: सरहद की सलामती में कुर्बान हुआ भोजपुर का लाल, गांव में मातम, जिले को फख़्र

Bihar News: जम्मू-कश्मीर के डोडा ज़िले से आई एक दर्दनाक ख़बर ने भोजपुर ही नहीं, पूरे बिहार को ग़मगीन कर दिया है।...

Bhojpur Braveheart Martyred for Nation Village Mourns with P
सरहद की सलामती में कुर्बान हुआ भोजपुर का लाल- फोटो : reporter

Bihar News: जम्मू-कश्मीर के डोडा ज़िले से आई एक दर्दनाक ख़बर ने भोजपुर ही नहीं, पूरे बिहार को ग़मगीन कर दिया है। देश की हिफ़ाज़त में तैनात भोजपुर जिले के वीर सपूत हरे राम कुंवर ड्यूटी के दौरान हुए हादसे में शहीद हो गए। जैसे ही उनकी शहादत की ख़बर वतन पहुंची, नथमलपुर गांव से लेकर आरा शहर तक मातम पसर गया। हर आंख नम है और हर दिल भारी।

शहीद हरे राम कुंवर बड़हरा थाना क्षेत्र के नथमलपुर गांव के रहने वाले थे। वे इंद्रजीत कुंवर के छोटे पुत्र थे और भारतीय सेना की फोर्थ बिहार रेजिमेंट में तैनात रहकर सरहद की चौकसी कर रहे थे। डोडा जिले में ड्यूटी के दौरान हुए हादसे में उन्होंने वीरगति प्राप्त की। सियासत से ऊपर उठकर यह शहादत पूरे समाज के लिए गर्व और ग़म, दोनों का सबब बन गई है।

शहादत की सूचना मिलते ही गांव में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मां-बाप, पत्नी और परिवार के अन्य सदस्य इस सदमे को बर्दाश्त नहीं कर पा रहे हैं। ग्रामीणों ने शहीद के घर पहुंचकर श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके बलिदान को सलाम किया। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने भी शोक संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि जिले ने अपना एक बहादुर बेटा खो दिया है।

शहीद के बड़े भाई जय प्रकाश कुंवर ने बताया कि बटालियन के सीओ ने उन्हें फोन कर हादसे की जानकारी दी। उस वक्त वे स्कूल में पढ़ा रहे थे। सूचना मिलते ही वे तुरंत घर पहुंचे। जय प्रकाश के मुताबिक, सुबह करीब 11 बजे पहले शहीद की पत्नी को कॉल किया गया, फिर उन्हें हादसे की जानकारी दी गई।

सियासी ज़ुबान में कहें तो हरे राम कुंवर की शहादत एक बार फिर यह सवाल छोड़ गई है कि वतन की सलामती की कीमत कितनी भारी होती है। उनका बलिदान कभी भुलाया नहीं जाएगा। भोजपुर का यह लाल हमेशा देशभक्ति, हौसले और कुर्बानी की मिसाल बना रहेगा।

रिपोर्ट- आशीष कुमार