Bihar News : औरंगाबाद में किसान की गोली मारकर हत्या, भड़के ग्रामीणों ने पटना-औरंगाबाद मुख्य सड़क किया जाम, 'टारगेट किलिंग' का लगाया आरोप
Bihar News : औरंगाबाद में बीती रात बाइक सवार दो अज्ञात अपराधियों ने एक किसान को गोली मारकर हत्या कर दिया है. जिसके बाद ग्रामीणों ने जमकर बवाल काटा....पढ़िए आगे
AURANGABAD : बिहार के औरंगाबाद जिले के दाउदनगर थाना क्षेत्र से एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। यहाँ के भुइयां बिगहा के पास बीती रात बाइक सवार दो अज्ञात अपराधियों ने एक किसान की गोली मारकर बेरहमी से हत्या कर दी। मृतक की पहचान केसरारी गांव निवासी 50 वर्षीय कुंदन यादव के रूप में की गई है। बताया जाता है कि कुंदन यादव अपने किसी घरेलू काम से दाउदनगर जा रहे थे, तभी पहले से घात लगाए बैठे अपराधियों ने उन पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी। गोलियों की तड़तड़ाहट से पूरा इलाका गूंज उठा और कुंदन यादव गंभीर रूप से जख्मी होकर सड़क पर गिर पड़े।
पिस्तौल लहराते हुए फरार हुए बदमाश, अस्पताल में मौत
घटना के प्रत्यक्षदर्शी और मृतक के चचेरे भाई संतोष कुमार ने बताया कि वह कुंदन यादव को लेकर केसरारी गांव की तरफ जा रहे थे। इसी बीच भुइयां बिगहा के पास बाइक पर सवार होकर आए दो नकाबपोश अपराधियों ने कुंदन यादव को निशाना बनाते हुए कई राउंड गोलियां दाग दीं। वारदात को अंजाम देने के बाद अपराधी हवा में पिस्तौल लहराते हुए जिनोरिया की तरफ रफूचक्कर हो गए। स्थानीय लोग गोलियों की आवाज सुनकर तुरंत मौके पर दौड़े और खून से लथपथ कुंदन यादव को आनन-फानन में इलाज के लिए अनुमंडल अस्पताल दाउदनगर ले गए। हालांकि, अस्पताल के डॉक्टरों ने प्राथमिक जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
गुस्सैल ग्रामीणों का चक्का जाम; 'टारगेट किलिंग' का आरोप
किसान की हत्या की खबर जंगल में आग की तरह फैल गई, जिससे ग्रामीण उग्र हो गए। आक्रोशित ग्रामीणों और परिजनों ने शव को सड़क पर रखकर पटना-औरंगाबाद मुख्य मार्ग (NH) को पूरी तरह जाम कर दिया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि जिले में एक खास वर्ग (यादव समाज) को निशाना बनाकर 'टारगेट किलिंग' की जा रही है और पुलिस मूकदर्शक बनी हुई है। ग्रामीणों का गुस्सा इस बात पर भी था कि घटना के कई घंटे बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ खाली हैं। वहीं, कुछ स्थानीय लोगों ने दबे जुबान से इस वारदात के पीछे पुरानी रंजिश या आपसी विवाद की आशंका भी जताई है।
अस्पताल पहुंची पुलिस, आक्रोश का करना पड़ा सामना
वारदात की सूचना मिलते ही दाउदनगर के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) अशोक कुमार दास, अंचल निरीक्षक (सर्किल इंस्पेक्टर) और दाउदनगर के थानाध्यक्ष विकास कुमार भारी पुलिस बल के साथ अनुमंडल अस्पताल पहुंचे। पुलिस अधिकारियों ने मृतक के परिजनों से मिलकर घटना की विस्तृत जानकारी ली। हालांकि, सड़क जाम और ग्रामीणों के भारी आक्रोश के कारण पुलिस को शुरुआत में स्थिति को नियंत्रित करने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शन कर रहे लोगों को समझा-बुझाकर शांत कराने और जल्द से जल्द न्याय दिलाने का आश्वासन दिया।
एसपी ने बनाई स्पेशल टीम, छापेमारी शुरू
मामले की संवेदनशीलता और बढ़ते तनाव को देखते हुए औरंगाबाद के पुलिस कप्तान (SP) ने तुरंत कड़ा रुख अख्तियार किया है। एसपी के निर्देश पर अज्ञात अपराधियों की पहचान और उनकी त्वरित गिरफ्तारी के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है। पुलिस टेक्निकल सेल और स्थानीय इनपुट की मदद से अपराधियों के संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस प्रशासन का दावा है कि जल्द ही अपराधियों को सलाखों के पीछे भेज दिया जाएगा और इलाके में शांति व्यवस्था बहाल रखी जाएगी।
दीनानाथ की रिपोर्ट