Bihar News : समृद्धि यात्रा में नहीं बुलाने पर बांका सांसद गिरधारी यादव की दो टूक, कहा 'बिना आमंत्रण जाना बांका की जनता का अपमान'

Bihar News : समृद्धि यात्रा ने नहीं बुलाये जाने पर जदयू सांसद गिरधारी यादव ने कहा की बिना आमंत्रण जाना ठीक नहीं...उन्होंने बेलहर विधायक मनोज यादव पर निशाना साधा.....पढ़िए आगे

Bihar News : समृद्धि यात्रा में नहीं बुलाने पर बांका सांसद ग
बिना आमंत्रण नहीं जाऊंगा - फोटो : CHANDRASHEKHAR

BANKA : बांका में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की 'समृद्धि यात्रा' के दौरान बांका के कटोरिया में आयोजित कार्यक्रम में अपनी अनुपस्थिति को लेकर जदयू सांसद गिरधारी यादव ने चुप्पी तोड़ी है। मंगलवार को कटोरिया स्थित एसपी यादव कॉलेज में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में सांसद ने अपनी सफाई पेश करते हुए जिले की राजनीति में मचे घमासान पर कड़ा रुख अख्तियार किया।

सम्मान से समझौता नहीं: सांसद

 बांका सांसद गिरधारी यादव ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि उन्हें मुख्यमंत्री के इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम की कोई आधिकारिक सूचना या निमंत्रण नहीं दिया गया था। उन्होंने कहा, "बिना बुलाए किसी कार्यक्रम में जाना न केवल मेरा व्यक्तिगत अनादर है, बल्कि यह बांका की जनता का भी अपमान होता। मुख्यमंत्री के सामने कोई असहज स्थिति पैदा न हो, इसलिए मैंने कार्यक्रम से दूरी बनाना ही उचित समझा।" उन्होंने पुरानी यादें ताजा करते हुए कहा कि पूर्व में बौंसी मेले के दौरान जब वे संबोधन कर रहे थे, तब जिले के विधायकों ने कार्यक्रम का बहिष्कार किया था। वैसी ही अप्रिय स्थिति दोबारा न बने, इस आशंका ने भी उन्हें कार्यक्रम से दूर रखा।

विधायक मनोज यादव पर सीधा प्रहार

प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान सांसद के निशाने पर मुख्य रूप से बेलहर विधायक मनोज यादव रहे। उन्होंने तीखे प्रहार करते हुए कहा कि जो लोग आज पार्टी के 'अगुआ' बनकर घूम रहे हैं, कल तक वही पार्टी की जड़ें खोद रहे थे।

फ्लोर टेस्ट का जिक्र

सांसद ने आरोप लगाया कि पिछली सरकार के फ्लोर टेस्ट के दौरान उक्त विधायक फरार हो गए थे और सरकार गिराने की पुरजोर कोशिश की थी। पार्टी विरोधी गतिविधियां: उन्होंने याद दिलाया कि विधान परिषद चुनाव में भी पार्टी प्रत्याशी के खिलाफ विधायक ने अपनी पत्नी को चुनाव लड़वाया था।

पुत्र के चुनाव लड़ने पर दी सफाई

अपने पुत्र के राजद (RJD) के टिकट पर बेलहर विधानसभा से चुनाव लड़ने की चर्चाओं पर सांसद ने स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने कहा, "लोकतंत्र में हर व्यक्ति स्वतंत्र है। मेरा बेटा किस दल से चुनाव लड़ेगा, यह उसका निजी फैसला है।" उन्होंने जोर देकर कहा कि पुत्र के चुनावी मैदान में होने के बावजूद उन्होंने कभी उसके लिए प्रचार नहीं किया और न ही कोई मंच साझा किया। वे सदैव जदयू और नीतीश कुमार के प्रति वफादार रहे हैं।

कार्यकर्ताओं का मिला समर्थन

सांसद ने कहा कि जब से वे नीतीश कुमार के साथ आए हैं, तब से उन्होंने पार्टी को मजबूत करने के लिए दिन-रात काम किया है। इस मौके पर उनके साथ पूर्व मुखिया नारायण यादव, सांसद प्रतिनिधि दिनेश यादव, राजीव चौधरी, सुरेंद्र यादव, चिरंजीव यादव, कमल यादव और रंजीत यादव सहित भारी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद थे, जिन्होंने सांसद की बातों का समर्थन किया।

बांका से चंद्रशेखर कुमार भगत कि रिपोर्ट