Bihar News : बेतिया में गंडक नदी में डूबने से 7 वर्षीय मासूम की हुई मौत, शौच के दौरान पैर फिसलने से हुआ हादसा

Bihar News : प•चम्पारण के श्रीनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत पुजहा पटजिरवा पंचायत के वार्ड संख्या-12 में एक दर्दनाक हादसे में 7 वर्षीय बालक की गंडक नदी में डूबने से मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों में कोहराम मच गया है......पढ़िए आगे

Bihar News : बेतिया में गंडक नदी में डूबने से 7 वर्षीय मासूम
डूबने से मासूम की मौत - फोटो : ASHISH

BETTIAH : बिहार के पश्चिम चम्पारण जिला अंतर्गत श्रीनगर थाना क्षेत्र से एक बेहद हृदयविदारक घटना सामने आई है। यहाँ के पुजहा पटजिरवा पंचायत के वार्ड संख्या-12 में गंडक नदी में डूबने से एक 7 साल के मासूम बच्चे की मौत हो गई। इस दर्दनाक हादसे के बाद से पूरे गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है और पीड़ित परिवार में कोहराम मच गया है।

शौच के दौरान पैर फिसलने से हुआ हादसा

प्राप्त जानकारी के अनुसार, वार्ड संख्या-12 के रहने वाले रामबेलाश मुखिया का 7 वर्षीय पुत्र चिंटू कुमार घर के पास ही गंडक नदी के किनारे शौच के लिए गया था। इसी दौरान नदी किनारे पैर फिसल जाने के कारण वह सीधे गंडक नदी के गहरे पानी में चला गया। आसपास मौजूद लोगों ने जब बच्चे को डूबते देखा तो उसे बचाने की पुरजोर कोशिश की, लेकिन पानी का बहाव और गहराई अधिक होने के कारण बच्चा देखते ही देखते आंखों से ओझल हो गया।

गोताखोरों ने निकाला शव, बेतिया GMCH भेजा गया

हादसे की खबर मिलते ही बदहवास परिजन और सैकड़ों ग्रामीण नदी किनारे जमा हो गए। स्थानीय गोताखोरों ने बिना वक्त गंवाए नदी में छलांग लगाई और काफी मशक्कत के बाद बच्चे को पानी से बाहर निकाला। हालांकि, तब तक बहुत देर हो चुकी थी और मासूम चिंटू की सांसें थम चुकी थीं। घटना की जानकारी मिलते ही श्रीनगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए बेतिया जीएमसीएच (GMCH) भेज दिया।

चार भाई-बहनों में सबसे छोटा था चिंटू, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

मृतक चिंटू के पिता रामबेलाश मुखिया ने रोते हुए बताया कि चिंटू उनके चार भाई-बहनों में सबसे छोटा और सबका लाडला था। उसकी इस तरह असमय और दर्दनाक मौत से पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। मां और भाई-बहनों का रो-रोकर बुरा हाल है। इस हादसे ने पूरे पुजहा पटजिरवा गांव को झकझोर कर रख दिया है और हर आंख नम है।

ग्रामीणों ने की सरकारी मुआवजे की मांग

इस दुखद घटना के बाद स्थानीय ग्रामीणों में शोक के साथ-साथ गहरी संवेनना है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और स्थानीय जनप्रतिनिधियों से पीड़ित गरीब परिवार को ढांढस बंधाने और आपदा प्रबंधन विभाग के तहत मिलने वाली उचित सरकारी सहायता राशि (मुआवजा) जल्द से जल्द मुहैया कराने की पुरजोर मांग की है।

आशीष की रिपोर्ट