Bihar mass wedding: पश्चिम चंपारण में 13 जोड़ों का सामूहिक विवाह, दहेज प्रथा के खिलाफ मजबूत संदेश

Bihar mass wedding: पश्चिम चंपारण के योगापट्टी में 13 गरीब बेटियों का सामूहिक विवाह का आयोजन किया गया। ये कदम दहेज प्रथा के खिलाफ समाज की मजबूत पहल और एक प्रेरणादायक उदाहरण बना।

Bihar mass wedding
सामूहिक विवाह के आयोजन से मिला संदेश- फोटो : news4nation

Bihar mass wedding: पश्चिम चंपारण जिले के योगापट्टी प्रखंड के नवलपुर पंचायत स्थित रामजानकी मंदिर परिसर में एक सराहनीय सामाजिक आयोजन देखने को मिला। यहां 13 गरीब बेटियों का सामूहिक विवाह बड़े धूमधाम और सम्मान के साथ संपन्न हुआ। इस कार्यक्रम में हजारों की संख्या में ग्रामीण महिला और पुरुष शामिल हुए और नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद दिया।

सामूहिक विवाह का उद्देश्य

इस सामूहिक विवाह का उद्देश्य समाज में फैल रही दहेज जैसी कुरीतियों के खिलाफ आवाज उठाना और गरीब परिवारों की बेटियों को सम्मानजनक जीवन की शुरुआत देना था। नवयुवक कन्या विवाह समिति के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम ने यह संदेश दिया कि समाज मिलकर चाहे तो बड़ी से बड़ी जिम्मेदारी निभा सकता है। शाम के समय भव्य समारोह का आयोजन हुआ। सभी दूल्हे सजे-धजे सेहरा बांधे घोड़ों पर सवार होकर बैंड-बाजे और आतिशबाजी के साथ बारात लेकर निकले। बारात ने पूरे नवलपुर बाजार का भ्रमण किया और फिर रामजानकी मंदिर परिसर पहुंची, जहां वधु पक्ष की ओर से जोरदार स्वागत किया गया। इसके बाद विधि-विधान से वरमाला हुई और वैदिक मंत्रों के साथ विवाह संपन्न कराया गया।

13 जोड़ों का वैदिक रीति-रिवाज से विवाह

आचार्य धनंजय पांडेय ने सभी 13 जोड़ों का विवाह पारंपरिक वैदिक रीति-रिवाज से कराया। वर-वधुओं ने सात फेरे लेकर साथ-साथ जीने और मरने की कसमें खाईं। विवाह के दौरान माहौल भावुक और खुशी से भरा रहा। नवयुवक विवाह समिति की ओर से सभी नवदंपत्तियों को गहने, कपड़े, बर्तन, फर्नीचर, बिछावन और गृहस्थी का जरूरी सामान उपहार के रूप में दिया गया, ताकि वे बिना किसी चिंता के अपना नया जीवन शुरू कर सकें।

आयोजन में शामिल लोग

इस आयोजन में विधायक विनय बिहारी, जिला पार्षद उपाध्यक्ष व समिति अध्यक्ष संतोष कुमार राव उर्फ बबलू सिंह, कार्यकारिणी अध्यक्ष धंधर साह, थानाध्यक्ष देवेंद्र कुमार, राजेश साह, चुन्नु गुप्ता सहित कई जनप्रतिनिधि और समाजसेवी मौजूद रहे। सभी ने इस पहल की जमकर सराहना की और इसे समाज के लिए प्रेरणादायक बताया। यह सामूहिक विवाह साबित करता है कि जिसका कोई नहीं, उसका समाज साथ होता है, और मिलकर किए गए प्रयास समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकते हैं।

प•चम्पारण बेतिया आशिष कुमार