Bihar News: DCLR मैडम का खेल खत्म,सस्पेंड करने की अनुशंसा,जमीन से जुड़ी 200 फाइलों को ट्रांसफर होने के बाद घर पर ले जाकर की थी खेल..
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने पटना सदर की पूर्व डीसीएलआर मैत्री सिंह को निलंबित कर दिया है और उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई के लिए सामान्य प्रशासन विभाग से सिफारिश की है।

Bihar News:वर्तमान में विश्वविद्यालय सेवा आयोग में विशेष कार्य पदाधिकारी के पद पर तैनात और पटना सदर की पूर्व डीसीएलआर मैत्री सिंह पर शिकंजा कसता जा रहा है।राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने पटना सदर की पूर्व डीसीएलआर मैत्री सिंह को निलंबित कर दिया है और उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई के लिए सामान्य प्रशासन विभाग से सिफारिश की है।
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने पटना सदर की पूर्व डीसीएलआर मैत्री सिंह को निलंबित कर दिया है। विभाग ने सामान्य प्रशासन विभाग को एक पत्र लिखकर मैत्री सिंह के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई करने की अनुशंसा की है।
विभाग के अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार सिंह द्वारा लिखे गए पत्र में मैत्री सिंह पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। आरोप है कि उन्होंने दाखिल-खारिज, अपील वादों और भूमि विवाद निराकरण वादों में सुनवाई के बाद जानबूझकर आदेश लंबित रखे और पक्षकारों से अवैध लाभ लेने का प्रयास किया। इसके अलावा, उनके खिलाफ शिकायतें मिली हैं कि उन्होंने विभागीय पोर्टल से पारित आदेशों के आंकड़ों में हेराफेरी की है।
मैत्री सिंह का तबादला होने के बाद भी उन्होंने न्यायालयीय अभिलेखों को अपने साथ ले जाकर बैकडेट में आदेश पारित करने का प्रयास किया। विभाग का मानना है कि मैत्री सिंह के खिलाफ लगाए गए आरोप इतने गंभीर हैं कि उनके खिलाफ न केवल विभागीय कार्रवाई बल्कि आपराधिक मुकदमा भी चलाया जा सकता है।
बता दें पटना के जिलाधिकारी (डीएम) के निर्देश पर हुई जांच में पता चला कि मैत्री सिंह कार्यालय से 700 से अधिक फाइलें गायब कर चुकी थीं। बाद में उन्होंने 255 फाइलें लौटा दीं, लेकिन 451 फाइलें अभी भी लापता हैं। इन फाइलों में भी बैकडेट में आदेश पारित किए जाने की आशंका है।इससे पहले, डीएम के जनता दरबार में कई लोगों ने शिकायत की थी कि मैत्री सिंह के दलाल दाखिल-खारिज के लिए पैसे लेकर बैकडेट में काम करवाने का दबाव बना रहे हैं।जांच में यह भी पता चला है कि कार्यालय से कंप्यूटर, प्रिंटर और अन्य उपकरण भी गायब हैं।मैत्री सिंह वर्तमान में विश्वविद्यालय सेवा आयोग में विशेष कार्य पदाधिकारी के पद पर तैनात हैं।