Bihar police inspector suspended: गालीबाज दारोगा पर गिरी गाज, SSP ने किया निलंबित, News4Nation पर खबर चलने के बाद बड़े साहब ने उतार दी कुर्सी की गर्मी, पुलिस महकमे में हड़कंप
Bihar police inspector suspended: बिहार की सड़कों पर कानून के रक्षक की जुबान जब कानून तोड़ने लगे, तो हुकूमत को भी हरकत में आना पड़ा।थानेदार साहब मां की गाली ऐसे दे रहे थे,जैसे संस्कृत के श्लोक पढ़ रहे हों।...
Bihar police inspector suspended: बिहार की सड़कों पर कानून के रक्षक की जुबान जब कानून तोड़ने लगे, तो हुकूमत को भी हरकत में आना पड़ा। दरभंगा बेंता थाना के थानाध्यक्ष हरेन्द्र कुमार पर आखिरकार कार्रवाई की तलवार चल ही गई। सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो ने वर्दी की हकीकत बेनकाब कर दी, जिसमें थानाध्यक्ष आम जनता से गाली-गलौज और असभ्य लहजे में बात करते नजर आए। नतीजा दरभंगा के वरीय पुलिस अधीक्षक जगुनाथ रेड्डी ने तत्काल प्रभाव से उन्हें निलंबित कर दिया।
वायरल वीडियो में साफ दिख रहा है कि थानाध्यक्ष कर्तव्य निभाने के बजाय जुबानी जुल्म पर उतर आए। वाहन चालक से बातचीत के दौरान अपशब्दों की बौछार, ऊंची आवाज और रौब यह सब पुलिस आचरण के खिलाफ माना गया। एसएसपी ने दो टूक कहा कि यह व्यवहार कर्तव्य के प्रति घोर लापरवाही, मनमानेपन और उदंडता का नमूना है। इसी आधार पर थानाध्यक्ष को सामान्य जीवन-यापन भत्ता पर निलंबित करते हुए उनका मुख्यालय पुलिस केंद्र, दरभंगा तय किया गया है।
मामले की जड़ एक मामूली ट्रैफिक उल्लंघन बताया जा रहा है। शहर की जानी-मानी वरिष्ठ महिला चिकित्सक अपनी नातिनी और ड्राइवर के साथ निजी वाहन से लौट रही थीं। रास्ते में वाहन कथित तौर पर वन-वे में चला गया। यह ऐसा मामला था, जिसे चालान काटकर या कानूनी प्रक्रिया से निपटाया जा सकता था। लेकिन आरोप है कि मौके पर पहुंचे थाना प्रभारी ने कानून की किताब बंद कर जुबान की लाठी चला दी।
महिला डॉक्टर का आरोप है कि थानाध्यक्ष ने बीच सड़क पर ड्राइवर के साथ गाली-गलौज शुरू कर दी, उसे धक्का मारा और जब उन्होंने इसका विरोध किया तो उनके साथ भी बदसलूकी की गई। वीडियो में थानाध्यक्ष का उग्र चेहरा और बेकाबू आवाज साफ सुनी जा सकती है, जहां वर्दी का रौब कानून से ऊपर बैठा दिखता है। थानेदार साहब मां की गाली ऐसे दे रहे थे,जैसे संस्कृत के श्लोक पढ़ रहे हों।
एसएसपी की इस कार्रवाई के बाद पुलिस महकमे में साफ संदेश गया है वर्दी सत्ता का लाइसेंस नहीं, जिम्मेदारी की निशानी है। आम जनता के साथ बदजुबानी और बदसलूकी अब बर्दाश्त नहीं होगी। दरभंगा पुलिस ने यह जता दिया है कि कानून के रखवालों को भी कानून के कटघरे में खड़ा किया जा सकता है, और जरूरत पड़ी तो सख्त सजा भी मिलेगी।