Bihar Crime : गयाजी के इमामगंज में 5 लाख की लूट का पुलिस ने किया खुलासा, कर्मचारी ही निकला मास्टरमाइंड, दो गिरफ्तार

Bihar Crime : गया जिले के इमामगंज थाना क्षेत्र में सीमेंट व्यापारी के कर्मचारियों से हथियार के बल पर हुई 5 लाख रुपये की लूट की गुत्थी पुलिस ने सफलतापूर्वक सुलझा ली है।

Bihar Crime : गयाजी के इमामगंज में 5 लाख की लूट का पुलिस ने
कमचारी हो निकला मास्टरमाइंड - फोटो : MANOJ

GAYAJI : जिले के इमामगंज थाना क्षेत्र में सीमेंट व्यापारी के कर्मचारियों से हथियार के बल पर हुई 5 लाख रुपये की लूट की गुत्थी पुलिस ने सफलतापूर्वक सुलझा ली है। इस सनसनीखेज वारदात में कोई बाहरी नहीं, बल्कि व्यापारी का अपना ही कर्मचारी मास्टरमाइंड निकला। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी कर्मचारी धर्मवीर कुमार और उसके सहयोगी अभिषेक कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। साथ ही, उनके पास से लूटी गई रकम में से 1 लाख 53 हजार 600 रुपये, तीन मोबाइल फोन और एक घटना में प्रयुक्त बाइक भी बरामद की गई है।

घटना के संबंध में बताया गया कि बीते दिनों इमामगंज थाना क्षेत्र के एक सीमेंट व्यापारी ने अपने दो कर्मचारियों को रुपये कलेक्शन के लिए बाजार भेजा था। इसी दौरान रास्ते में अज्ञात अपराधियों ने हथियार के बल पर कर्मचारियों को रोककर 5 लाख रुपये लूट लिए थे। घटना के तुरंत बाद पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू की, जिससे जांच की सुई व्यापारी के ही एक कर्मचारी धर्मवीर कुमार पर जाकर टिक गई। पुलिस ने जब उसे हिरासत में लेकर कड़ाई से पूछताछ की, तो इस पूरी साजिश की परतें एक-एक कर खुलने लगीं।

पुलिस की पूछताछ के दौरान आरोपी धर्मवीर ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। उसने खुलासा किया कि उसने अपने सहयोगी अभिषेक कुमार के साथ मिलकर इस पूरी लूट की गहरी योजना बनाई थी। योजना के तहत अभिषेक ने ही दो अन्य बाहरी अपराधियों को बुलाया था, जिन्होंने हथियारों के बल पर इस वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस अब इस मामले में शामिल अन्य फरार अपराधियों की धरपकड़ के लिए लगातार छापेमारी कर रही है और उनकी तलाश में जुटी हुई है।

इस पूरी साजिश में एक राहत भरी बात यह सामने आई कि वारदात के दौरान साथ मौजूद दूसरा कर्मचारी इस पूरी योजना से पूरी तरह अनजान था। लूट की इस साजिश में उसकी कोई भी भूमिका या संलिप्तता नहीं पाई गई है, जिसे पुलिस ने भी स्पष्ट कर दिया है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों से पूछताछ के आधार पर अन्य कड़ियों को जोड़ा जा रहा है ताकि इस अपराध में शामिल हर एक चेहरे को बेनकाब किया जा सके।

गया पुलिस की इस कार्रवाई से क्षेत्र के व्यापारियों में थोड़ी राहत जरूर मिली है, लेकिन आंतरिक सुरक्षा और कर्मचारियों के सत्यापन को लेकर एक बड़ा सवाल भी खड़ा हुआ है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जिले में इस तरह के अपराधों के खिलाफ अभियान आगे भी पूरी सख्ती के साथ जारी रहेगा। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए अपराधियों और उनके सहयोगियों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो सके।

मनोज की रिपोर्ट