Bihar News : ‘तुहूँ एगो बेटी के बाप ह’, बिलखती माँ ने डिप्टी सीएम से कहा, विजय सिन्हा हुए भावुक, दिया बड़ा भरोसा
Bihar News : पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में नीट छात्रा की संदिग्ध मौत के बाद उपजे जनाक्रोश के बीच बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा आज जहानाबाद स्थित मृतका के घर पहुंचे।
Jehanabad : पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में नीट (NEET) की तैयारी कर रही छात्रा की संदिग्ध मौत का मामला अब राजनीतिक और प्रशासनिक तूल पकड़ चुका है। बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा आज जहानाबाद पहुंचे और शोकाकुल परिजनों से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने परिजनों को ढांढस बंधाया और आश्वासन दिया कि इस मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा, चाहे उसकी पहुंच कितनी ही ऊंची क्यों न हो। हालाँकि इस दौरान मृत बच्ची की माँ डिप्टी सीएम के सामने बिलखती रही। कहा की ‘तुहूँ एगो बेटी के बाप ह।‘
परिजनों ने सुनाई पुलिस की ज्यादती की दास्तां
मृतका के पिता और चाचा ने उपमुख्यमंत्री के सामने पुलिसिया कार्रवाई पर गंभीर सवाल खड़े किए। परिजनों का आरोप है कि जांच के नाम पर उन्हें प्रताड़ित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि चित्रगुप्त नगर थाने की पुलिस और एसआईटी (SIT) की टीम बार-बार घर आकर एक ही तरह के सवाल पूछती है। परिजनों ने उपमुख्यमंत्री से कहा कि अगर जांच का यही तरीका है, तो उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाए, ताकि बार-बार की मानसिक प्रताड़ना से मुक्ति मिल सके।
जांच एजेंसियों की कार्यप्रणाली पर खड़े किए सवाल
परिजनों ने उपमुख्यमंत्री को बताया कि सुबह एसआईटी की टीम आई थी, जिसमें अन्नू मैडम ने बाकायदा रिकॉर्डिंग करते हुए कई सवाल पूछे थे। लेकिन उनके जाने के तुरंत बाद चित्रगुप्त नगर थाने की पुलिस फिर से उन्हीं सवालों को दोहराने आ गई। परिजनों ने आरोप लगाया कि रोशनी नामक थाना अध्यक्ष और उनके साथ आए सिपाहियों ने परिवार की महिला सदस्यों के साथ अभद्र व्यवहार किया और दो थप्पड़ तक जड़े।
इलाज की रिपोर्ट और मेडिकल हिस्ट्री पर विवाद
छात्रा के परिजनों ने बताया कि वह 6 तारीख को अस्पताल में भर्ती हुई थी और 8 तारीख तक उसकी सभी टेस्ट रिपोर्ट आ चुकी थीं। डॉक्टर अभिषेक ने 9 तारीख को बताया था कि छात्रा का इलाज 'वायरल मेनिनजाइटिस' के लिए किया जा रहा है और उसे 'एसीक्लोविर' जैसी दवाइयां दी जा रही हैं। परिजनों का कहना है कि डॉक्टर ने शुरुआत में 'ड्रग एब्यूज' (नशीली दवाओं का सेवन) की बात को खारिज कर दिया था, लेकिन मौत के बाद अचानक जांच की दिशा उसी ओर मोड़ दी गई, जो समझ से परे है।
"बिहार की बेटी की अस्मिता का सवाल": विजय सिन्हा
परिजनों से मिलने के बाद विजय कुमार सिन्हा ने मीडिया से बातचीत में कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि यह केवल एक बच्ची का मामला नहीं है, बल्कि बिहार की बेटी की अस्मिता का सवाल है। उन्होंने स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के निर्देश पर उच्च स्तरीय जांच चल रही है और डीजीपी (DGP) व गृह मंत्री से भी इस विषय पर विस्तृत चर्चा की गई है। उन्होंने आश्वासन दिया कि किसी भी 'दरिंदे' को कानून के शिकंजे से बचने नहीं दिया जाएगा।
पप्पू यादव के आरोपों और 'बड़े नाम' पर प्रतिक्रिया
पूर्व सांसद पप्पू यादव द्वारा भाजपा के एक कद्दावर नेता के बेटे का नाम इस केस में घसीटे जाने पर उपमुख्यमंत्री ने दो-टूक जवाब दिया। उन्होंने कहा कि अपराधी कोई भी हो और किसी की भी पहुंच कितनी भी ऊंची हो, वह कानून से ऊपर नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा स्पष्ट है और किसी भी सूरत में जांच को भटकने नहीं दिया जाएगा। जो लोग कानून से खिलवाड़ कर रहे हैं, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
डीजीपी के नेतृत्व में जांच और न्याय का भरोसा
विजय सिन्हा ने बताया कि वर्तमान में डीजीपी के नेतृत्व में एक विशेष जांच कमेटी हर बिंदु की पड़ताल कर रही है। उन्होंने परिजनों को भरोसा दिलाया कि पुलिस की किसी भी टीम द्वारा की गई बदसलूकी की भी जांच होगी। उन्होंने कहा कि सरकार सत्यता को उजागर करने के लिए प्रतिबद्ध है और बहुत जल्द दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा।