Bihar Nursing Result: रिजल्ट पर बवाल , 100 में सिर्फ 20 पास के पास होने पर नर्सिंग छात्रों का फूटा गुस्सा

Bihar Nursing Result: बिहार में बीएससी नर्सिंग और बी फार्मा के 2024 बैच के कथित खराब रिजल्ट को लेकर छात्रों का गुस्सा अब सड़क पर उतर आया है। ...

Bihar Nursing Result
रिजल्ट पर बवाल- फोटो : reporter

Bihar Nursing Result: बिहार में बीएससी नर्सिंग और बी फार्मा के 2024 बैच के कथित खराब रिजल्ट को लेकर छात्रों का गुस्सा अब सड़क पर उतर आया है। कैमूर जिले के सोनहन थाना क्षेत्र स्थित राज नर्सिंग इंस्टीट्यूट, ओदर के छात्र-छात्राओं ने संस्थान की व्यवस्थाओं और परीक्षा परिणाम को लेकर जमकर विरोध प्रदर्शन किया। आक्रोशित छात्रों ने भभुआ-कुदरा पथ को जाम कर दिया, जिससे कुछ समय के लिए सड़क पर आवागमन प्रभावित रहा।हाथों में पोस्टर-बैनर लेकर छात्र संस्थान प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी करते नजर आए। प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि एडमिशन के वक्त संस्थान की ओर से बेहतर पढ़ाई, योग्य शिक्षक, नियमित कक्षाएं, अच्छे परिणाम और जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने का भरोसा दिया गया था, लेकिन एडमिशन के बाद कथित तौर पर उन्हें वादे के मुताबिक सुविधाएं नहीं मिलीं।

छात्रों और संस्थान प्रबंधन की ओर से सामने आए दावों के मुताबिक, बीएससी नर्सिंग और बी फार्मा के 2024 बैच का रिजल्ट बेहद खराब रहा है। राज एजुकेशन नर्सिंग कॉलेज के निदेशक का दावा है कि 100 छात्रों में महज करीब 20 छात्र ही पास हुए हैं।इतने कम पास प्रतिशत ने छात्रों के बीच खलबली मचा दी है। छात्र सवाल उठा रहे हैं कि आखिर परीक्षा में इतनी बड़ी संख्या में विद्यार्थी कैसे फेल हो गए, जबकि उनका दावा है कि वे नियमित रूप से पढ़ाई कर रहे थे और परीक्षा की तैयारी भी अच्छी थी।

प्रदर्शनकारी छात्रों सोनम कुमारी, सौरभ राज और पंचम कुमार ने आरोप लगाया कि कॉलेज में विषयवार शिक्षक उपलब्ध नहीं हैं और नियमित रूप से कक्षाएं भी नहीं होती हैं। छात्रों का कहना है कि पढ़ाई की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने का असर उनके परीक्षा परिणाम पर पड़ा है।छात्रों ने यह भी आरोप लगाया कि संस्थान की ओर से एडमिशन के समय बेहतर परिणाम का भरोसा दिया गया था, लेकिन अब रिजल्ट आने के बाद उन्हें निराशा हाथ लगी है। उनका कहना है कि कॉलेज प्रशासन सिर्फ फीस लेने में व्यस्त है और उनकी मूल समस्याओं का समाधान नहीं किया गया।छात्रों ने साफ चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।

वहीं, राज नर्सिंग कॉलेज के निदेशक संतोष वर्मा ने छात्रों के आरोपों को बेबुनियाद बताया है। उनका कहना है कि इस बार बिहार नर्सिंग यूनिवर्सिटी की ओर से बीएससी नर्सिंग और बी फार्मा का रिजल्ट काफी खराब आया है।निदेशक ने दावा किया कि कॉपियों की जांच में भी लापरवाही बरती गई है, जिसकी वजह से बड़ी संख्या में छात्र फेल हुए हैं। उन्होंने छात्रों से शांति बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि उनकी मांग को यूनिवर्सिटी के समक्ष रखा जाएगा और रिजल्ट में सुधार के लिए प्रयास किया जाएगा।

अब इस पूरे मामले में सबसे बड़ा सवाल छात्रों के भविष्य और परीक्षा मूल्यांकन की पारदर्शिता को लेकर उठ रहा है। अगर वास्तव में 100 में केवल 20 छात्र ही पास हुए हैं, तो छात्रों की लिखित परीक्षा की कॉपियों की दोबारा जांच की मांग पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए।छात्रों का कहना है कि उनका भविष्य एक परीक्षा परिणाम पर निर्भर है। ऐसे में अगर मूल्यांकन में किसी तरह की त्रुटि हुई है तो उसका खामियाजा विद्यार्थियों को नहीं भुगतना चाहिए।

फिलहाल कैमूर में छात्रों का प्रदर्शन शिक्षा व्यवस्था और परीक्षा मूल्यांकन को लेकर कई सवाल खड़े कर गया है। अब देखना होगा कि बिहार नर्सिंग यूनिवर्सिटी और संबंधित अधिकारी इस मामले में क्या कदम उठाते हैं, और क्या छात्रों की कॉपियों की पुनः जांच कर वास्तविक स्थिति स्पष्ट की जाती है।

रिपोर्ट- देव तिवारी