Katihar storm: कटिहार में आंधी, बारिश और ठनका से मची भारी तबाही, 3 लोगों की हुई मौत
Katihar storm: कटिहार जिले में तेज आंधी, बारिश और ठनका से भारी नुकसान हुआ। इस दौरान तीन लोगों की मौत हो गई और किसानों की फसल की बर्बाद हो गई।
Katihar storm: बिहार के कटिहार में रविवार (26 अप्रैल 2026) को अचानक बदले मौसम ने पूरे जिले में भारी तबाही मचा दी। तेज हवा, बारिश और ठनका (बिजली गिरने) की वजह से जहां तीन लोगों की जान चली गई, वहीं किसानों और बागवानों को भी बड़ा नुकसान हुआ। कई जगह पेड़ गिर गए, बिजली के खंभे उखड़ गए और आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ। हालांकि इस मौसम बदलाव से लोगों को भीषण गर्मी से थोड़ी राहत जरूर मिली, लेकिन नुकसान कहीं ज्यादा बड़ा रहा।
सबसे दर्दनाक असर उन परिवारों पर पड़ा जिन्होंने अपने अपनों को खो दिया। बरारी प्रखंड के सेमापुर स्थित इस्लामपुर सुखासन गांव के रहने वाले 45 साल के अकमल हुसैन की ठनका की चपेट में आने से मौत हो गई। वह खेत में मक्का की कटाई के बाद पटवा लगाने गए थे। घटना के बाद उनके परिजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया।
परिवार का रो-रोकर बुरा हाल
दूसरी घटना कोढ़ा प्रखंड के चंदवा पंचायत के खुदना गांव की है, जहां 27 साल के मंगलेश कुमार यादव की ठनका गिरने से जान चली गई। वह बारिश के दौरान अपनी गाय को बांधने के लिए गौशाला गए थे। उनके परिवार में पत्नी डोली देवी, तीन बेटियां और एक छोटा बेटा है। इस घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है और परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। स्थानीय मुखिया फारूक आजम समेत कई जनप्रतिनिधि मौके पर पहुंचे और परिवार को ढांढस बंधाया। प्रशासन की ओर से भी मदद का भरोसा दिया गया है।
किसानों की मेहनत पर भी पानी फेर दिया
तीसरी घटना आजमनगर प्रखंड के शीतलमनी पंचायत के कोढोबाड़ी गांव में हुई, जहां 65 साल के मोहम्मद अब्बास की ठनका से मौत हो गई। वह बारिश के दौरान खेत से मवेशियों को लाने गए थे। अंचल अधिकारी ने बताया कि सरकारी नियम के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मुआवजा की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इस आंधी और बारिश ने किसानों की मेहनत पर भी पानी फेर दिया। खासकर मक्का की फसल को भारी नुकसान हुआ है। प्राणपुर, बारसोई और कदवा इलाकों में खेतों में खड़ी मक्का गिर गई। इसके अलावा आम और लीची के बागानों में फल टूटकर गिर गए, जिससे बागवानों को बड़ा नुकसान हुआ है। एक महीने के अंदर यह तीसरी बार है जब इस तरह के मौसम ने किसानों को झटका दिया है।
बिजली व्यवस्था पर पड़ा तेज हवा का असर
तेज हवा का असर बिजली व्यवस्था पर भी पड़ा। बारसोई प्रखंड के कर्णपुर पंचायत के निंधौर गांव में एक दर्जन से ज्यादा बिजली के खंभे गिर गए, जिससे दो पंचायतों की बिजली सप्लाई बंद हो गई। बिजली विभाग के अधिकारियों का कहना है कि मरम्मत का काम चल रहा है और जल्द ही आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी। आंधी के दौरान दिन में ही अंधेरा छा गया था और कई जगह सोलर लाइट तक जलानी पड़ी।
पेड़ उखड़कर दुकानों पर गिर गया
इसके अलावा बलरामपुर प्रखंड के भेलाई चौक पर एक बड़ा पेड़ उखड़कर दो दुकानों पर गिर गया। एक दुकान पूरी तरह टूट गई, जबकि दूसरी दुकान को भी काफी नुकसान हुआ है। उस समय बाजार में लोगों की आवाजाही थी, लेकिन गनीमत रही कि कोई हताहत नहीं हुआ। जिले के कई अन्य इलाकों में भी पेड़ गिरने और कच्चे मकानों को नुकसान की खबरें हैं। मौसम विभाग ने अभी और सावधानी बरतने की सलाह दी है। कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक पंकज कुमार के अनुसार सोमवार शाम तक फिर से आंधी और बारिश हो सकती है। इस दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने की संभावना है और ठनका गिरने का खतरा भी बना रहेगा। उन्होंने बताया कि जहां मक्का और केला की फसल को नुकसान हुआ है, वहीं गरमा फसल, मखाना और कुछ सब्जियों को इस बारिश से फायदा भी मिला है।