बिहार पुलिस का 'ऑपरेशन क्लीन': बंगाल से यूपी जा रही 76 लाख की खेप पकड़ी, खाकी को देख गाड़ी छोड़ भागे तस्कर!
बिहार पुलिस ने नशे के सौदागरों के खिलाफ साल की सबसे बड़ी कार्रवाई की है। किशनगंज के गलगलिया चेक पोस्ट पर 76 लाख रुपये मूल्य का 152 किलो गांजा जब्त कर यूपी के दो अंतर्राज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया गया है।
Kishanganj : बिहार पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ एक बार फिर बड़ी सफलता हासिल की है। किशनगंज जिले की गलगलिया पुलिस ने मंगलवार (06.01.2026) को एक अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट का भंडाफोड़ करते हुए ₹76 लाख कीमत का गांजा बरामद किया है। इस मामले में उत्तर प्रदेश के दो शातिर तस्करों को दबोचा गया है।
फिल्मी स्टाइल में भागने की कोशिश, पुलिस ने घेराबंदी कर दबोचा
घटना उस वक्त की है जब गलगलिया थाना पुलिस चेक पोस्ट पर रूटीन वाहन चेकिंग कर रही थी। तभी पश्चिम बंगाल की ओर से आ रही एक संदिग्ध चार पहिया गाड़ी को पुलिस ने रुकने का इशारा किया। पुलिस को देखते ही तस्करों के होश उड़ गए और चालक गाड़ी छोड़कर भागने लगा। मौके पर तैनात सशस्त्र बल के जवानों ने मुस्तैदी दिखाते हुए पीछा किया और दोनों को धर दबोचा।
गाड़ी की तलाशी में खुला 'नशे का राज'
जब पकड़ी गई चार पहिया गाड़ी की सघन तलाशी ली गई, तो पुलिस के भी होश उड़ गए। गाड़ी के भीतर विशेष रूप से छुपाकर रखा गया 152 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इस खेप की अनुमानित कीमत 76 लाख रुपये बताई जा रही है।
यूपी के 'उन्नाव' से जुड़े हैं तार
गिरफ्तार किए गए दोनों तस्कर उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं। पुलिस की शुरुआती पूछताछ में इनकी पहचान इस प्रकार हुई है: विमन अवस्थी (साकिन - उन्नाव, उत्तर प्रदेश), नंदकिशोर (साकिन - उन्नाव, उत्तर प्रदेश)
पुलिस की जांच तेज
किशनगंज पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गांजे की यह बड़ी खेप बंगाल के किस हिस्से से लाई गई थी और इसे उत्तर प्रदेश में कहाँ सप्लाई किया जाना था। इस गिरफ्तारी को बिहार पुलिस की 'जीरो टॉलरेंस' नीति की बड़ी जीत माना जा रहा है।