Bihar News : राजद सांसद सुधाकर सिंह सहित 57 लोगों पर दर्ज हुआ मुकदमा, सरकारी कार्य में बाधा डालने का लगा आरोप
Bihar News : राजद सांसद सुधाकर सिंह सहित 27 नामजद और 30 अज्ञात पर प्राथमिकी दर्ज कराई गयी है। जिनपर सरकारी कार्य मे बाधा डालने का आरोप लगाया गया है.......पढ़िए आगे
MOTIHARI : बिहार के पूर्वी चंपारण जिले से इस वक्त की एक बड़ी राजनीतिक खबर सामने आ रही है, जहां राष्ट्रीय जनता दल के सांसद सुधाकर सिंह की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। सरकारी कार्य में बाधा डालने और नियमों के उल्लंघन के आरोप में सांसद सुधाकर सिंह सहित 27 नामजद और करीब 30 अज्ञात लोगों के खिलाफ पीपराकोठी थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है। इस बड़ी कार्रवाई के बाद इलाके के राजनीतिक गलियारे में हड़कंप मच गया है।
वाटर पार्क की जमीन पर ट्रैक्टर चलाने का आरोप
मिली जानकारी के अनुसार, पूरा मामला पीपराकोठी थाना क्षेत्र में स्थित वाटर पार्क की जमीन से जुड़ा हुआ है। आरोप है कि सांसद और उनके समर्थकों द्वारा वाटर पार्क के लिए सुरक्षित की गई सरकारी जमीन पर ट्रैक्टर चलाया गया था। इसके साथ ही बिना उचित प्रशासनिक अनुमति के उक्त प्रतिबंधित सरकारी भूमि पर 'किसान महासभा' का एक बड़ा आयोजन भी किया गया था, जिसे प्रशासन ने नियमों का खुला उल्लंघन माना है।
एसपी स्वर्ण प्रभात के कड़े निर्देश पर हुई कार्रवाई
इस पूरे मामले को लेकर जिला प्रशासन बेहद सख्त नजर आ रहा है। मोतिहारी के पुलिस अधीक्षक स्वर्ण प्रभात ने मामले का संज्ञान लेते हुए स्थानीय पुलिस को कानून सम्मत कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश दिया था। एसपी स्वर्ण प्रभात के इसी कड़े दिशा-निर्देश के बाद पीपराकोठी थाना पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और आधिकारिक कार्य में व्यवधान पैदा करने की गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
पीपराकोठी थाना पुलिस जांच और कार्रवाई में जुटी
प्राथमिकी दर्ज होने के बाद पीपराकोठी थाना पुलिस पूरे मामले की विस्तृत छानबीन और आगे की कानूनी कार्रवाई में जुट गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि दर्ज एफआईआर में शामिल सभी 27 नामजद आरोपियों की भूमिका की जांच की जा रही है। इसके साथ ही वीडियो फुटेज और तस्वीरों के आधार पर उन 30 अज्ञात लोगों की भी पहचान करने की कोशिश की जा रही है जो इस घटनाक्रम और अवैध आयोजन में शामिल थे।
नेताओं और समर्थकों में मंचा हड़कंप
आरजेडी सांसद सुधाकर सिंह पर दर्ज हुए इस मुकदमे के बाद क्षेत्र के स्थानीय नेताओं और उनके समर्थकों के बीच खलबली मची हुई है। पुलिस का साफ कहना है कि कानून के उल्लंघन के मामले में किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा, चाहे वह कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो। फिलहाल पुलिस मामले के सभी तकनीकी और कानूनी पहलुओं को ध्यान में रखकर साक्ष्य जुटा रही है और जल्द ही आगे के कड़े कदम उठाए जा सकते हैं।
हिमांशु की रिपोर्ट