मध निषेध टीम पर वसूली और महिला से बदसलूकी का आरोप, थाना प्रभारी ने दी यह सफाई

नवगछिया के परबत्ता थाना क्षेत्र स्थित गरैया चौक पर बुधवार देर रात मध निषेध विभाग की टीम और एक स्थानीय दुकानदार के बीच तीखा विवाद सामने आया है। पीड़ित दुकानदार ने मध निषेध विभाग की टीम पर कई गंभीर आरोप लगाया है.....

मध निषेध टीम पर वसूली और महिला से बदसलूकी का आरोप, थाना प्रभ
नवगछिया के मध निषेध टीम पर वसूली समेत कई गंभीर आरोप - फोटो : धीरज पराशर

Naugachia : पुलिस जिला नवगछिया के परबत्ता थाना क्षेत्र स्थित गरैया चौक पर बुधवार देर रात मध निषेध विभाग की टीम और एक स्थानीय दुकानदार के बीच तीखा विवाद सामने आया है। पीड़ित दुकानदार ने मध निषेध विभाग की टीम पर अवैध पैसों की मांग करने, जेल भेजने की धमकी देने और विरोध करने पर परिजनों के साथ दुर्व्यवहार करने का गंभीर आरोप लगाया है।


दुकानदार का आरोप: पैसे न देने पर दी धमकीगाड़ी से कुचलने का प्रयास किया 

दुकानदार के अनुसार, रात करीब 11 बजे पहुंची टीम ने शराब की तलाशी के नाम पर परिजनों से बदसलूकी की। उसका दावा है कि टीम पहले भी उससे रुपयों की मांग कर चुकी थी और कुछ दिन पहले उसके पिता को शराब मामले में पकड़कर 15,000 लेकर छोड़ा गया था। दुकानदार का आरोप है कि विरोध करने पर मां और पत्नी से गाली-गलौज की गई तथा जाते समय सरकारी वाहन से उन्हें कुचलने का प्रयास किया गया।


थाना प्रभारी की सफाई: गुप्त सूचना के आधार पर हुई थी नियमानुसार छापेमारी 

वहीं दूसरी ओर, मध निषेध थाना प्रभारी प्रमोद कुमार ने परिजनों द्वारा लगाए गए सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि विभाग को पिता-पुत्र के शराब के अवैध कारोबार में संलिप्त होने की गुप्त सूचना मिली थी, जिसके आधार पर जांच और छापेमारी के लिए टीम को भेजा गया था। उन्होंने अवैध वसूली और रंगदारी के आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया।


मामले में दोनों पक्ष आमने-सामनेइलाके में तनावपूर्ण माहौल 

इस घटना के बाद से क्षेत्र में दोनों पक्ष आमने-सामने हैं और स्थानीय लोगों में पुलिसिया कार्रवाई को लेकर काफी रोष देखा जा रहा है। एक तरफ जहां पीड़ित परिवार निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग कर रहा है, वहीं दूसरी तरफ पुलिस प्रशासन का कहना है कि यह शराब तस्करों द्वारा कार्रवाई से बचने का हथकंडा है।


निष्पक्ष जांच के बाद ही सामने आएगी घटना की पूरी सच्चाई 

फिलहाल मामले को लेकर इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं व्याप्त हैं और स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है। पुलिस के उच्च अधिकारियों द्वारा मामले का संज्ञान लिया गया है। घटना की जमीनी सच्चाई और आरोपों की सत्यता विस्तृत प्रशासनिक व कानूनी जांच पूरी होने के बाद ही पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी।


धीरज पराशर की रिपोर्ट