बिहार में अवैध खनन पर कसने लगा शिकंजा: नवनियुक्त खनिज अधिकारियों को मिला विशेष प्रशिक्षण

बिहार खान एवं भूतत्व विभाग के सचिव अवनीश कुमार सिंह की अध्यक्षता में नवनियुक्त खनिज विकास अधिकारियों के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया गया। इसमें अवैध खनन, वाहन जब्ती और कानूनी प्रक्रियाओं की जानकारी दी गई।

Bihar Mining Department officers training
बिहार खान एवं भूतत्व विभाग नवनियुक्त खनिज अधिकारियों को मिला विशेष प्रशिक्षण- फोटो : Reporter

पटना में खान एवं भूतत्व विभाग, बिहार द्वारा सभी नव-नियुक्त खनिज विकास पदाधिकारियों के लिए एक दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता खान विभाग के सचिव अवनीश कुमार सिंह ने की। प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य राज्य में अवैध खनिज परिवहन में संलिप्त वाहनों की जब्ती और उनके खिलाफ त्वरित व सख्त कानूनी कार्रवाई की प्रक्रियाओं को मजबूत बनाना था।


छापेमारी की पूर्व तैयारी और प्रशासनिक समन्वय पर बल

प्रशिक्षण सत्र के दौरान सचिव अवनीश कुमार सिंह ने अधिकारियों को अवैध खनन और परिवहन पर सुरक्षित व प्रभावी ढंग से कार्रवाई करने के गुर सिखाए। उन्होंने छापेमारी से पहले रेड लोकेशन के सटीक आकलन, संभावित जोखिमों के मूल्यांकन और पूरी टीम की सुरक्षा सुनिश्चित करने पर जोर दिया। इसके अलावा, फील्ड में त्वरित सफलता के लिए पुलिस बल और स्थानीय प्रशासन के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने के निर्देश भी दिए गए।


कानून एवं नियमों की विस्तृत जानकारी और दस्तावेजीकरण

अधिकारियों को बिहार खनिज नियमावली, 2019 (संशोधित 2026) और भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) के कानूनी प्रावधानों से अवगत कराया गया। प्रशिक्षण में वाहन जब्ती, चालान की गहन जांच, जब्ती सूची (Seizure List) तैयार करने तथा अन्य आवश्यक कानूनी दस्तावेज बनाने की मानक विधि समझाई गई, ताकि कार्रवाई में कोई प्रक्रियात्मक चूक न हो।


साक्ष्य संरक्षण और मजबूत न्यायिक प्रक्रिया की रणनीति

कानूनी रूप से मजबूत अभियोजन सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों को सही दस्तावेजीकरण, निष्पक्ष गवाहों की उपस्थिति और डिजिटल व भौतिक साक्ष्यों को सुरक्षित रखने के तरीके बताए गए। उन्हें निर्देश दिया गया कि न्यायालय में केस को मजबूत बनाए रखने के लिए तय सीमा के भीतर नोटिस जारी करना और संबंधित प्रतिवेदन (Reports) भेजना अत्यंत आवश्यक है।


व्यावहारिक अनुभव, पारदर्शिता और सुरक्षा के निर्देश

सत्र के समापन पर छापेमारी के दौरान आने वाली व्यावहारिक चुनौतियों और उनके समाधान पर विस्तृत चर्चा हुई। सचिव ने अधिकारियों को प्रत्येक कार्रवाई में पूर्ण पारदर्शिता, सुरक्षा मानकों के पालन, कानून के सख्त कार्यान्वयन और समयबद्ध कार्रवाई को हर हाल में सुनिश्चित करने के कड़े निर्देश दिए।