H1N1 Cases in India: मानसून में स्वाइन फ्लू का बढ़ा खतरा! दिल्ली समेत 7 राज्यों में H1N1 के केस बढ़े
H1N1 Cases in India: मानसून के बीच दिल्ली, कर्नाटक, महाराष्ट्र, राजस्थान, यूपी, हरियाणा और चंडीगढ़ में स्वाइन फ्लू के मामले बढ़े हैं। जानें राज्यों में H1N1 के ताजा आंकड़े और बचाव के तरीके।
H1N1 Cases in India: मानसून के बीच देश के कई हिस्सों में स्वाइन फ्लू यानी H1N1 के मामले बढ़ते दिखाई दे रहे हैं। दिल्ली, कर्नाटक, महाराष्ट्र, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, हरियाणा और चंडीगढ़ समेत कई राज्यों में नए मरीज सामने आए हैं। स्वास्थ्य विभागों के आंकड़ों के मुताबिक, कुछ राज्यों में इस साल अब तक सामने आए H1N1 के मामले पिछले साल की तुलना में ज्यादा हैं।
हालांकि, स्वास्थ्य अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल देश में H1N1 के किसी नए या ज्यादा खतरनाक स्ट्रेन के फैलने की पुष्टि नहीं हुई है। इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च यानी ICMR के मुताबिक देश में पाया जा रहा Influenza A (H1N1) pdm09 वायरस 2025 से ही मौजूद है। लोगों को घबराने के बजाय सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
दिल्ली में H1N1 के 2,729 मामले
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में भी H1N1 का संक्रमण बढ़ रहा है। स्वास्थ्य विभाग के 27 अगस्त तक के आंकड़ों के अनुसार, दिल्ली में H1N1 के कुल 2,729 मामले सामने आ चुके हैं। सिर्फ 27 अगस्त को 125 नए मरीज मिले। इन्फ्लुएंजा A और B को मिलाकर दिल्ली में कुल मरीजों की संख्या 3,736 हो गई है। इनमें करीब तीन-चौथाई मामले H1N1 के हैं। पिछले साल के मुकाबले इस साल दिल्ली में संक्रमण के ज्यादा मामले सामने आए हैं।
कर्नाटक में 4,428 मरीज
कर्नाटक में भी H1N1 और इन्फ्लुएंजा के मामले बड़ी संख्या में दर्ज किए गए हैं। 24 अगस्त तक राज्य में लैब जांच से पुष्टि किए गए H1N1 और इन्फ्लुएंजा के 4,428 मामले सामने आए थे। राज्य में इन्फ्लुएंजा का असर आमतौर पर साल में दो बार ज्यादा देखने को मिलता है। पहला दौर जनवरी से मार्च और दूसरा जुलाई से सितंबर के बीच रहता है। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों के लिए एडवाइजरी जारी कर सावधानी बरतने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल घबराने की जरूरत नहीं है।
महाराष्ट्र में पिछले साल से ज्यादा मामले
महाराष्ट्र में भी इस साल H1N1 के मामले बढ़े हैं। 21 अगस्त तक राज्य में 1,109 H1N1 मरीज सामने आए थे। यह संख्या पूरे 2025 में दर्ज किए गए 942 मामलों से ज्यादा है। मुंबई और पुणे राज्य में H1N1 के प्रमुख केंद्र बने हुए हैं। राज्य के कुल संक्रमण के करीब 65 प्रतिशत मामले इन दोनों शहरों में दर्ज किए गए हैं। महाराष्ट्र के स्वास्थ्य अधिकारियों के मुताबिक, मानसून के दौरान इन्फ्लुएंजा के मामले बढ़ना सामान्य बात है, लेकिन इस साल आंकड़े पिछले कुछ वर्षों की तुलना में ज्यादा हैं।
राजस्थान में अगस्त में सबसे ज्यादा मामले
राजस्थान में भी अगस्त के दौरान H1N1 के मामलों में तेजी देखी गई है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, अगस्त में अब तक 55 मरीजों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। यह 2026 में किसी एक महीने में सामने आए मामलों की सबसे ज्यादा संख्या है। जनवरी से अगस्त 2026 तक राजस्थान में H1N1 के कुल 146 मामले दर्ज किए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, अभी तक राज्य में H1N1 के किसी नए या ज्यादा खतरनाक स्ट्रेन के फैलने की पुष्टि नहीं हुई है।
लखनऊ में भी मिले नए मरीज
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में भी H1N1 संक्रमण के मामले सामने आए हैं। बलरामपुर अस्पताल में H1N1 संक्रमित एक महिला की मौत के एक दिन बाद दो और मरीजों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई। दोनों मरीजों को अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कराया गया है। उनकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। अस्पताल के अनुसार, RT-PCR जांच में दोनों मरीजों में H1N1 संक्रमण की पुष्टि हुई है। उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के सभी 75 जिलों में निगरानी बढ़ाने के निर्देश दिए हैं।
गुरुग्राम और चंडीगढ़ में भी मामले बढ़े
हरियाणा के गुरुग्राम में H1N1 के 12 मामले सामने आए हैं। संक्रमण को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी जा रही है। स्वास्थ्य विभाग स्थिति पर नजर बनाए हुए है। चंडीगढ़ में इस साल H1N1 के कुल 14 मामले दर्ज किए गए हैं। इनमें अगस्त में अब तक 7 मामले सामने आए हैं। इस साल मार्च में 2, अप्रैल में 1, मई में 2, जून में 1, जुलाई में 1 और अगस्त में 7 मामले दर्ज किए गए।
कोलकाता में भी बढ़े स्वाइन फ्लू के मरीज
कोलकाता में भी जुलाई के दौरान H1N1 के मामलों में बढ़ोतरी देखी गई थी। कई मरीजों को गंभीर लक्षणों के कारण अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों के मुताबिक, कुछ मरीजों में तेज बुखार, सांस लेने में परेशानी, शरीर में दर्द और डायरिया जैसे लक्षण देखे गए। मानसून के दौरान बारिश बढ़ने के साथ शहर में H1N1 के मरीजों की संख्या बढ़ी। कई मरीज अस्पतालों की ओपीडी में इलाज के लिए पहुंचे, जबकि गंभीर हालत वाले मरीजों को भर्ती किया गया।
क्या किसी नए H1N1 स्ट्रेन का खतरा है?
फिलहाल स्वास्थ्य अधिकारियों ने किसी नए और ज्यादा खतरनाक H1N1 स्ट्रेन के फैलने की पुष्टि नहीं की है। ICMR के मुताबिक, देश में मौजूद Influenza A (H1N1) pdm09 वायरस पहले से ही मौजूद है। मानसून में फ्लू और इन्फ्लुएंजा के मामलों में बढ़ोतरी हो सकती है। ऐसे में लोगों को साफ-सफाई का ध्यान रखने, भीड़ वाली जगहों पर सावधानी बरतने और फ्लू जैसे लक्षण दिखाई देने पर समय पर डॉक्टर से सलाह लेने की जरूरत है। अगर तेज बुखार, सांस लेने में परेशानी या शरीर में ज्यादा कमजोरी जैसे लक्षण दिखाई दें तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। खासकर बुजुर्गों, छोटे बच्चों और पहले से किसी बीमारी से जूझ रहे लोगों को ज्यादा सावधानी बरतनी चाहिए।