एक्शन में नीतीश कुमार, सुबह सुबह उप मुख्यमंत्री को लेकर पहुंच गए नालंदा, 862 करोड़ की सड़क परियोजना पर बड़ा निर्देश

नीतीश कुमार ने नालंदा जिले में सालूपुर (एसएच-78) से नूरसराय-अहियापुर-सिलाव होते हुए एनएच-120 के बेलौआ (राजगीर) तक बन रही फोरलेन सड़क का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्य की मौजूदा स्थिति और परियोजना की प्रगति की विस्तृत जानकारी ली।

Nitish Kumar
Nitish Kumar- फोटो : news4nation

Bihar News :  बिहार में सड़क कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने और पर्यटन स्थलों तक पहुंच आसान करने के लिए कई बड़ी परियोजनाओं पर काम चल रहा है। इसी कड़ी में शुक्रवार को नालंदा जिले में निर्माणाधीन 4-लेन हाईवे परियोजना का जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने निरीक्षण किया। ₹862.63 करोड़ की लागत से बन रही यह सड़क राजगीर के पर्यटन और व्यापारिक गतिविधियों को नई कनेक्टिविटी देगी। निरीक्षण के दौरान नीतीश कुमार के साथ बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय चौधरी भी मौजूद रहे।


सड़क निर्माण की प्रगति का लिया जायजा

नीतीश कुमार ने नालंदा जिले में सालूपुर (एसएच-78) से नूरसराय-अहियापुर-सिलाव होते हुए एनएच-120 के बेलौआ (राजगीर) तक बन रही फोरलेन सड़क का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्य की मौजूदा स्थिति और परियोजना की प्रगति की विस्तृत जानकारी ली। ₹862.63 करोड़ की लागत वाली इस महत्वाकांक्षी परियोजना को राजगीर पर्यटन मार्ग के रूप में विकसित किया जा रहा है। यह सड़क बौद्ध सर्किट को जोड़ने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

राजगीर समेत पूरे बिहार के पर्यटन को मिलेगा फायदा

निरीक्षण के दौरान नीतीश कुमार ने कहा कि यह परियोजना राजगीर सहित पूरे बिहार के पर्यटन, व्यापार और अर्थव्यवस्था को नई गति प्रदान करेगी। बेहतर सड़क संपर्कता से पर्यटकों को राजगीर पहुंचने में सुविधा होगी। साथ ही स्थानीय लोगों को भी आवागमन में राहत मिलेगी। इस हाईवे के निर्माण से नालंदा क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियों को विस्तार मिलने की उम्मीद है। सड़क संपर्क बेहतर होने से पर्यटन स्थलों तक पहुंच आसान होगी और स्थानीय कारोबार को भी बढ़ावा मिलेगा।

बौद्ध सर्किट से जुड़ेंगे पर्यटन स्थल

राजगीर और नालंदा बिहार के प्रमुख ऐतिहासिक एवं धार्मिक पर्यटन केंद्र हैं। ऐसे में इस फोरलेन सड़क को पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। परियोजना पूरी होने के बाद आसपास के इलाकों की कनेक्टिविटी बेहतर होगी और पर्यटन आधारित विकास को नए अवसर मिलेंगे।