Anil Agarwal Son Death: पीएम मोदी ने उद्योगपति अनिल अग्रवाल के बेटे की मौत पर जताया दुख, परिवार के लोगों के लिए की प्रार्थना

Anil Agarwal Son Death: पीएम मोदी ने लिखा कि, अग्निवेश अग्रवाल का असमय निधन बहुत ही चौंकाने वाला और दुखद है। इस मार्मिक श्रद्धांजलि में आपके दुख की गहराई साफ़ झलकती है। प्रार्थना है कि आपको और आपके परिवार को लगातार शक्ति और हिम्मत मिले।

पीएम मोदी
पीएम मोदी ने जताया दुख- फोटो : social media

 Anil Agarwal Son Death: बिहार के रहनेवाले देश के बड़े उद्योगपति अनिल अग्रवाल के बेटे की मौत हो गई है। उन्होंने ये जानकारी फेसबुक पोस्ट के माध्यम से दी है। उन्होंने लिखा कि आज मेरे जीवन का सबसे दर्दनाक दिन है। वहीं अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी अग्निवेश अग्रवाल के निधन पर शोक जताया है। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से दुख जताया है। पीएम मोदी ने उद्योगपति अनिल अग्रवाल के द्वारा की गई पोस्ट को रीट्विट करते हुए मृत को श्रद्धांजलि दी है।  

पीएम मोदी ने जताया दुख

पीएम मोदी ने लिखा कि,"श्री अग्निवेश अग्रवाल का असमय निधन बहुत ही चौंकाने वाला और दुखद है। इस मार्मिक श्रद्धांजलि में आपके दुख की गहराई साफ़ झलकती है। प्रार्थना है कि आपको और आपके परिवार को लगातार शक्ति और हिम्मत मिले। ओम शांति"। 

49 साल की उम्र में ली अंतिम सांस

अनिल अग्रवाल ने अपने सोशल मीडिया पर लिखा था कि, "मेरा अग्निवेश, मेरा 49 साल का बेटा, आज हमारे बीच नहीं रहा। एक बाप के कंधे पर बेटे की अर्थी जाये इससे बुरा और क्या हो सकता है। अग्निवेश अपने दोस्त के साथ अमेरिका में skiing करने गया था। वहां accident हो गया। वो Mount Sinai Hospital, New York में ठीक हो रहा था। हमें लगा सब ठीक हो जाएगा, लेकिन अचानक cardiac arrest हो गया। और हमारा बच्चा हमें छोड़कर चला गया। 3 जून 1976 को पटना में जब अग्नि हमारी दुनिया में आया, वो पल आज भी आंखों के सामने है। एक middle class Bihari परिवार में जन्मा था अग्नि"।  

परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़ 

तुम्हारे साथ बिताया गया हर एक पल आज बहुत याद आ रहा है बेटा। अपनी मां का दुलारा अग्नि बचपन में बेहद चंचल और शरारती था। हमेशा हंसता, हमेशा मुस्कुराता, यारों का यार था वो और अपनी बहन Priya को लेकर सबसे प्रोटेक्टिव भी। उसने Mayo College, Ajmer में पढ़ाई की। बेहद strong personality थी अग्नि की - boxing champion, horse riding का शौकीन, और कमाल का musician। उसने Fujeirah Gold जैसी शानदार कंपनी खड़ी की, और Hindustan Zinc का Chairman भी बना, लेकिन इन सबसे ऊपर अग्नि बेहद simple था। हमेशा अपने friends और colleagues के बीच में ही रहता था। जिससे भी मिलता, उसे अपना बना लेता था। वो हमेशा ज़मीन से जुड़ा रहा सीधा, सच्चा, जिंदादिली और इंसानियत से। 

वो सिर्फ बेटा नहीं था-अनिल अग्रवाल

अनिल अग्रवाल ने आगे लिखा कि वो सिर्फ बेटा नहीं था - वो मेरा दोस्त था, मेरी शान था, मेरी पूरी दुनिया था। मैं और किरन टूट से गए हैं। बस यही सोच रहे हैं कि हमारा बेटा तो चला गया। लेकिन जो लोग हमारे वेदांता में काम करते हैं, वो सब अग्निवेश ही तो हैं। वो सब हमारे बेटे-बेटियां हैं। मेरा और अग्नि का सपना था, हिंदुस्तान को आत्मनिर्भर बनाना। वो हमेशा कहता था - "पापा, हमारे देश में क्या नहीं है? फिर हम किसी से पीछे क्यों रहें?” हमारी दिली इच्छा यही रही कि देश का कोई बच्चा भूखा न सोए, कोई बच्चा अनपढ़ न रहे, हर महिला अपने पैरों पर खड़ी हो, और सभी युवाओं को रोज़गार मिले।

अग्निवेश से किया था वादा

अनिल अग्रवाल ने अग्निवेश से वादा किया था हमारे पास जितना भी धन आएगा, उसका 75% से ज्यादा समाज के काम में लगायेंगे। आज फिर वो वादा दोहराता हूँ। अब और भी सादगी से जीवन जीऊंगा। और अपनी बाकी जिंदगी इसी में लगा दूंगा।  हम उन सभी मित्रों, सहकर्मियों और शुभचिंतकों का दिल से धन्यवाद करते हैं जो हमेशा अग्निवेश के साथ रहे। अभी तो साथ मिलकर बहुत कुछ करना था अग्नि। तुम्हें पूरी जिंदगी जीनी थी। कितने सपने थे, कितने अरमान थे, सब कुछ अधूरा ही रह गया। समझ नहीं आता, तुम्हारे बिना अब ज़िन्दगी कैसे कटेगी बेटा। तुम्हारे बिना ज़िंदगी हमेशा अधूरी रहेगी, लेकिन तुम्हारे सपने अधूरे नहीं रहने दूंगा।